शुक्रवार, 10 जुलाई 2026 ब्रेकिंग
UP: ग्राम प्रधानों के बाद अब जिला पंचायत अध्यक्षों को बनाया गया प्रशासक, नहीं ले पाएंगे नीतिगत फैसले​ | कर्ज में डूबी मुंबई मेट्रो-1 को मिला सहारा, अब बिना रुकावट चलेगी सेवा​ | बहू को बंधक बनाया, बाल काटे और इंजेक्शन लगाकर लूटे 5 लाख के जेवर… दरभंगा में डॉक्टर के घर खौफनाक डकैती!​
दिल्ली 32°C ☀️ |
728 x 90 Advertisement
विज्ञापन
728 x 90 Advertisement
Dharam

Yogini Ekadashi पर लगेगा Bhadra Kaal, जानें पूजा पर पड़ेगा असर? नोट करें सही Date और Shubh Muhurat​

आषाढ़ माह के कृष्ण पक्ष की एकादशी को योगिनी एकादशी का व्रत किया जा रहा है। यह जुलाई महीने की पहली एकादशी भी है। इस बार योगिनी एकादशी पर 2 घंटे से ज्यादा के समय के लिए भद्रा का साया रहेगा। भद्रा का साया स्वर्ग में होगा। योगिनी एकादशी व्रत करने से जातक के सभी […]

आषाढ़ माह के कृष्ण पक्ष की एकादशी को योगिनी एकादशी का व्रत किया जा रहा है। यह जुलाई महीने की पहली एकादशी भी है। इस बार योगिनी एकादशी पर 2 घंटे से ज्यादा के समय के लिए भद्रा का साया रहेगा। भद्रा का साया स्वर्ग में होगा। योगिनी एकादशी व्रत करने से जातक के सभी रोग और पाप नष्ट हो जाते हैं और जीवन के अंत में मोक्ष की प्राप्ति होती है। जो भी योगिनी एकादशी का व्रत करता है, उसको 88 हजार ब्राह्मणों को भोजन कराने के समान पुण्य की प्राप्ति होती है।

तिथि और मुहूर्त

वैदिक पंचांग के मुताबिक इस बार आषाढ़ माह के कृष्ण पक्ष की एकादशी तिथि की शुरूआत 10 जुलाई की सुबह 08:16 मिनट पर हो रही है। वहीं 11 जुलाई की सुबह 05:22 मिनट तक यह मान्य रहेगी। वहीं 11 जुलाई को सुबह 10:32 मिनट पर हरि वासर खत्म हो रहा है। इस कारण से योगिनी एकादशी का व्रत दो दिन रखा जाएगा।

वहीं 10 जुलाई 2026 को गृहस्थ लोग योगिनी एकादशी का व्रत रखेंगे और 11 जुलाई को वैष्णव संप्रदाय के लोग यह व्रत करेंगे। 10 जुलाई को योगिनी एकादशी की पूजा सुबह 08:16 बजे से तक सकते हैं। इस दिन पूजा का शुभ मुहूर्त सुबह 10:42 मिनट तक रहेगा।

पारण समय

10 जुलाई को योगिनी एकादशी का व्रत करने वाले लोग 11 जुलाई की दोपहर 01:50 मिनट से लेकर शाम 04:36 मिनट के बीच व्रत का पारण कर सकते हैं। वहीं जो लोग 11 जुलाई को व्रत करेंगे, वह 12 जुलाई की सुबह 05:32 मिनट से लेकर सुबह 08:18 मिनट तक व्रत पारण करेंगे।

योगिनी एकादशी पर भद्रा का साया

बता दें कि 10 जुलाई 2026 की सुबह 05:31 मिनट से भद्रा शुरू होगी, जोकि सुबह 08:16 मिनट तक रहेगी। यह भद्रा 2 घंटे से ज्यादा समय तक है, लेकिन भद्रा का वास स्वर्ग में है। ऐसे में धरती पर भद्रा का अशुभ प्रभाव नहीं होगा। इसलिए आप बिना किसी चिंता के व्रत और पूजा कर सकते हैं।
विज्ञापन
728 x 90 Advertisement
शेयर करें:
Author Bio Pic

संपादकीय टीम

खबर मंकी की अनुभवी एडिटोरियल डेस्क। हमारे लेखक और संपादक दिन-रात निष्पक्ष, सटीक और तीव्र समाचार आप तक पहुँचाने के लिए काम करते हैं।

🐒 KHABAR MONKEY