Washim Social Awareness Program News: ग्राम कासोला देव में महाकाली संस्थान की ओर से गजानंद माऊली के मार्गदर्शन में आयोजित बैठक में देशभर से बड़ी संख्या में भक्त उपस्थित हुए। बैठक में धार्मिक गतिविधियों के साथसाथ विभिन्न सामाजिक उपक्रमों को और अधिक गति देने का सर्वसम्मति से संकल्प लिया गया। संस्था के अध्यक्ष एवं मातंग ऋषि आश्रम धर्मपीठ के धर्मगुरु परमपूज्य गजानंद माऊली ने जानकारी दी कि आने वाले दिनों में राज्य के मुख्यमंत्री तथा दोनों उपमुख्यमंत्री संस्था का दौरा करेंगे।

उन्होंने संस्थान के विकास कार्यों और सामाजिक दायित्वों की जानकारी देते हुए भक्तों से अपेक्षाएं भी व्यक्त कीं। संस्थान में महाकाली की मूर्ति की स्थापना की जाएगी, जो एक शक्ति पीठ होगी। यह स्थान रामायण काल में शबरी माता का आश्रम रहा है।
Khabar Monkey
महाकाली शक्ति पीठ स्थापना की तैयारी
उन्होंने बताया कि संस्था के माध्यम से वर्षों से नशा मुक्ति, अंधविश्वास उन्मूलन, गोहत्या पर रोक, गोसेवा, जीवन रक्षा,, पर्यावरण जागरूकता, पौधारोपण, योगप्राणायाम, पशुबलि प्रथा बंद करना, शिक्षा सेवा, युवा प्रबोधन, सनातन धर्म जनजागरण अभियान, आध्यात्मिक ज्ञान, अनाथों को कन्यादान, अन्नदान, वस्त्रदान जैसी गतिविधियां संचालित की जा रही हैं।
साथ ही गांवगांव जाकर समाज प्रबोधन और घर वापसी जैसे अभियान भी बड़े पैमाने पर चल रहे हैं। गजानंद माऊली ने सभी भक्तों से समाज के लिए अच्छे कार्यों में जीवन समर्पित करने का आह्वान किया और कहा कि नशा मुक्ति आंदोलन समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है।
ये भी पढ़े:
सामाजिक उपक्रमों पर जोर
तेलंगाना में का प्रभाव तेलंगाना से आए सुरेश अन्ना ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि गजानंद माऊली के मार्गदर्शन से हजारों लोग नशा मुक्त हो चुके हैं और कई परिवार घर लौट आए हैं। उन्होंने भाव व्यक्त की कि तेलंगाना की धरती उनके पवित्र चरणों से धन्य हो गई है।
बैठक में वरिष्ठ गुरुबंधु रत्ने महाराज, नीलेश सोमानी, सुरेश अन्ना, अविश दारकेकर, गौरव येलने, पवन पाटिल जाधव आदि ने अपने विचार रखे। संचालन अविश दारकेकर ने किया। बैठक में महाराष्ट्र के साथसाथ तेलंगाना और अन्य राज्यों से भी बड़ी संख्या में भक्त शामिल हुए।





