Kali Sarkar Arrested: सोशल मीडिया पर तीन लाख से ज्यादा फॉलोअर्स, मंदिर में लगने वाला दिव्य दरबार और अपनी परेशानियों का समाधान तलाशते श्रद्धालु…काली सरकार के पास कोई बीमारी ठीक होने की उम्मीद लेकर पहुंचता था, तो कोई अपनी समस्या का हल पाने के लिए. संत जैसा भेष रखने वाले काली सरकार की जब पोल खुली तो लोग हैरान रह गए. उस पर कई आपराधिक मामले दर्ज थे.

झांसी के मऊरानीपुर में पुलिस ने प्रदीप शुक्ला उर्फ काली सरकार को गिरफ्तार किया है. आरोप है कि वह पहचान बदलकर सत्यानंद शुक्ला के नाम से रह रहा था. खास बात यह है कि पुलिस से बचने के दौरान उसने बाबा के रूप में अपनी अलग पहचान बना ली थी. वह आर्मी के कपड़े भी पहनता था और उसके दरबार में विदेशी श्रद्धालु भी पहुंचते थे.
लूट और मारपीट की घटनाओं में शामिल
पूरा मामला झांसी जिले के मऊरानीपुर क्षेत्र के कुरैंचा गांव का है. यहां स्थित काली सरकार मंदिर में रहने वाले प्रदीप शुक्ला को हरदोई और मऊरानीपुर पुलिस की संयुक्त टीम ने गिरफ्तार किया. पुलिस के मुताबिक, आरोपी मूल रूप से हरदोई जिले का रहने वाला है. उसके खिलाफ वर्ष 2014 में लूट और वर्ष 2018 में मारपीट का मामला दर्ज हुआ था. इन मामलों में अदालत में पेश नहीं होने के कारण उसके खिलाफ स्थायी वारंट जारी किए गए थे. हरदोई पुलिस लंबे समय से उसकी तलाश कर रही थी.
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तारी से बचने के लिए आरोपी ने अपनी पहचान बदल ली थी. वह सत्यानंद शुक्ला के नाम से रहने लगा और बाबा का रूप धारण कर लिया. इसके बाद कुरैंचा गांव में काली सरकार मंदिर से उसकी गतिविधियां संचालित होने लगीं. बाहर से देखने पर उसकी पहचान एक संत के रूप में बन गई, जबकि पुलिस रिकॉर्ड में वह पुराने आपराधिक मामलों में वांछित था.
दिव्य दरबार में जुटते थे श्रद्धालु
काली सरकार मंदिर में लगने वाले दरबार में बड़ी संख्या में लोग अपनी समस्याएं लेकर पहुंचते थे. आरोपी बीमारियों को ठीक करने और लोगों की परेशानियों का समाधान करने का दावा करता था. इसी वजह से उसके दरबार की चर्चा आसपास के इलाकों में होने लगी. श्रद्धालुओं के बीच उसकी पहचान बढ़ती गई और मंदिर में आने वाले लोगों की संख्या भी चर्चा का विषय बन गई.
बताया जा रहा है कि उसके दरबार में विदेशी श्रद्धालु भी पहुंचते थे. आर्मी के कपड़े पहनने की बात भी सामने आई है. हालांकि, इन दावों और उसके दरबार से जुड़ी गतिविधियों के संबंध में विस्तृत जानकारी जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी.
फेसबुक पर तीन लाख से ज्यादा फॉलोअर्स
काली सरकार की लोकप्रियता सिर्फ मंदिर तक सीमित नहीं थी. सोशल मीडिया पर भी उसकी अच्छीखासी मौजूदगी बताई जा रही है. फेसबुक पर उसके तीन लाख से अधिक फॉलोअर्स होने की जानकारी सामने आई है. इंटरनेट पर बड़ी संख्या में लोगों के बीच पहचान बनाने के बावजूद वह पुलिस की नजर में पुराने मामलों का आरोपी था.
पुलिस के मुताबिक, हरदोई पुलिस को आरोपी के मऊरानीपुर में मौजूद होने की सूचना मिली थी. इसके बाद स्थानीय पुलिस की मदद से उसे गिरफ्तार किया गया.