सोमवार, 13 जुलाई 2026 ब्रेकिंग
UP PCS Transfer 2026: उत्तर प्रदेश में PCS अफसरों के ट्रांसफर, 181 अधिकारियों के तबादला आदेश जारी, सैयद सानिया सोनम प्रयागराज की उपजिलाधिकारी, देखें पूरी लिस्ट​ | दिल्ली की नई EV पॉलिसी पर बवाल! फैसला बदलने की मांग, आखिर क्यों विरोध में उतरी ट्रांसपोर्ट यूनियन?​ | मार्केट खुलते ही मची खरीदारी की होड़, ईशा अंबानी की इस कंपनी के शेयर 20% उछले; जानें क्या है वजह​
दिल्ली 32°C ☀️ |
728 x 90 Advertisement
विज्ञापन
728 x 90 Advertisement
Business

स्मार्ट मीटर बनाने वाली इस कंपनी को खरीदने की तैयारी में अडानी! ₹1500 करोड़ की है डील​

भारत के ऊर्जा सेक्टर में इन दिनों स्मार्ट मीटर को लेकर भारी गहमागहमी है. सरकार की योजना देश के हर घर तक स्मार्ट मीटर पहुंचाने की है. इसी बड़े बदलाव के बीच, स्मार्ट बिजली और गैस मीटर बनाने वाली प्रमुख कंपनी ‘पोलारिस स्मार्ट मीटरिंग’ बिकने जा रही है. इस कंपनी को खरीदने के लिए देश […]

भारत के ऊर्जा सेक्टर में इन दिनों स्मार्ट मीटर को लेकर भारी गहमागहमी है. सरकार की योजना देश के हर घर तक स्मार्ट मीटर पहुंचाने की है. इसी बड़े बदलाव के बीच, स्मार्ट बिजली और गैस मीटर बनाने वाली प्रमुख कंपनी ‘पोलारिस स्मार्ट मीटरिंग’ बिकने जा रही है. इस कंपनी को खरीदने के लिए देश के कई बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर दिग्गजों ने कमर कस ली है. अडानी एनर्जी सॉल्यूशंस, अप्रावा एनर्जी और प्राइवेट इक्विटी फंड एक्टिस जैसे बड़े नाम इस दौड़ में सबसे आगे चल रहे हैं. करीब 1,500 करोड़ रुपये की इस डील के लिए बातचीत अब अहम दौर में पहुंच चुकी है.

₹1,500 करोड़ की डील में कौनकौन शामिल

पोलारिस स्मार्ट मीटरिंग की मूल कंपनी ‘आई स्क्वायर्ड कैपिटल’ इस कारोबार से बाहर निकलने की तैयारी में है. सूत्रों के मुताबिक, कंपनी की बिक्री प्रक्रिया काफी आगे बढ़ चुकी है और शॉर्टलिस्ट की गई चारपांच बड़ी कंपनियों के साथ बातचीत चल रही है. अडानी एनर्जी सॉल्यूशंस, अप्रावा एनर्जी और एक्टिस ने इस दूसरे चरण में प्रवेश कर लिया है और अपनी ‘ड्यू डिलिजेंस’ की प्रक्रिया शुरू कर दी है. उम्मीद जताई जा रही है कि अगस्त की शुरुआत तक ये कंपनियां अपनी फाइनल और बाइंडिंग बोलियां जमा कर देंगी. बाजार के जानकारों का मानना है कि इस पूरे सौदे में कंपनी की वैल्यू करीब 1,500 करोड़ रुपये आंकी जा सकती है.

फैला हुआ है पोलारिस का कारोबार

आई स्क्वायर्ड कैपिटल ने फरवरी 2023 में ही इस कंपनी में 100 मिलियन डॉलर का निवेश कर अपनी एक इकाई के जरिए कंट्रोलिंग हिस्सेदारी खरीदी थी. बाकी का हिस्सा ‘समुन्नति सिंगापुर’ के पास है, जिस पर पूरी तरह यशराज खेतान का मालिकाना हक है. पोलारिस मुख्य रूप से घरों और फैक्ट्रियों के लिए स्मार्ट मीटर बनाती है. कंपनी के पास पहले से ही उत्तर प्रदेश और पश्चिम बंगाल में मीटर लगाने के बड़े कॉन्ट्रैक्ट मौजूद हैं. उत्तर प्रदेश में यह कंपनी मध्यांचल विद्युत वितरण निगम के साथ मिलकर लखनऊ और अयोध्या क्लस्टर में 51 लाख स्मार्ट मीटर लगाने का काम कर रही है. वहीं, पश्चिम बंगाल में भी इसे 22 लाख मीटर लगाने का ठेका मिला हुआ है.

स्मार्ट मीटर होता क्या है

स्मार्ट मीटर दरअसल ऐसे डिजिटल उपकरण हैं, जो बिजली या गैस की खपत का डेटा अपने आप रिकॉर्ड करके कंपनी तक भेज देते हैं. इससे रियलटाइम खपत पर नज़र रखी जा सकती है और बिजली बिल में होने वाली गड़बड़ियों या अनुमानित बिलिंग से आम आदमी को छुटकारा मिल जाता है. भारत सरकार ‘रिवैम्प्ड डिस्ट्रीब्यूशन सेक्टर स्कीम’ के तहत साल 2027 तक देशभर में 25 करोड़ प्रीपेड स्मार्ट मीटर लगाने का आक्रामक लक्ष्य लेकर चल रही है. इससे बिजली वितरण में होने वाले भारी नुकसान को कम करने में मदद मिलेगी. इस पूरी योजना पर करीब 1.35 लाख करोड़ रुपये का निवेश होना है.

विज्ञापन
728 x 90 Advertisement
शेयर करें:
Author Bio Pic

संपादकीय टीम

खबर मंकी की अनुभवी एडिटोरियल डेस्क। हमारे लेखक और संपादक दिन-रात निष्पक्ष, सटीक और तीव्र समाचार आप तक पहुँचाने के लिए काम करते हैं।

🐒 KHABAR MONKEY