भारतीय क्रिकेट टीम में अनुभवी तेज गेंदबाज भुवनेश्वर कुमार की वापसी ने क्रिकेट प्रशंसकों का ध्यान खींच लिया है। न्यूजीलैंड के खिलाफ टी20 अंतरराष्ट्रीय सीरीज से पहले कप्तान श्रेयस अय्यर ने उनकी वापसी को लेकर बड़ा बयान दिया है। अय्यर का मानना है कि भारतीय गेंदबाजी आक्रमण में जिस अनुभव की कमी महसूस हो रही थी, उसे भुवनेश्वर पूरा कर सकते हैं। करीब चार साल बाद राष्ट्रीय टी20 टीम में लौटे इस गेंदबाज से अब काफी उम्मीदें हैं।

भुवनेश्वर कुमार को क्यों मिला टीम इंडिया में मौका?
भुवनेश्वर कुमार ने भारत के लिए आखिरी टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबला नवंबर 2022 में खेला था। इसके बाद उन्होंने घरेलू क्रिकेट और आईपीएल में अपने प्रदर्शन से लगातार ध्यान खींचा। उनके अनुभव और गेंद को दोनों तरफ स्विंग कराने की क्षमता को देखते हुए चयनकर्ताओं ने उन्हें न्यूजीलैंड दौरे के लिए भारतीय टीम में शामिल किया।
भारतीय कप्तान श्रेयस अय्यर ने कहा कि टीम को खासकर आईपीएल के बाद अनुभवी गेंदबाजों की कमी महसूस हो रही थी। कई नए गेंदबाज टीम का हिस्सा बने थे, ऐसे में भुवनेश्वर जैसे अनुभवी खिलाड़ी की मौजूदगी गेंदबाजी आक्रमण को मजबूती दे सकती है।
श्रेयस अय्यर ने बताई भुवनेश्वर की सबसे बड़ी ताकत
श्रेयस अय्यर ने भुवनेश्वर कुमार के अनुभव और आईपीएल में उनके प्रदर्शन की तारीफ की। उन्होंने बताया कि भुवनेश्वर पिछले दो आईपीएल सत्रों में खिताब जीतने वाली रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु की टीम का हिस्सा रहे हैं। इस दौरान उन्होंने दबाव वाली परिस्थितियों में गेंदबाजी करते हुए अपनी उपयोगिता साबित की।
भुवनेश्वर कुमार ने 2025 और 2026 के आईपीएल सत्र में कुल 45 विकेट हासिल किए। इनमें 2026 में लिए गए 28 विकेट भी शामिल हैं। उनके इस प्रदर्शन ने दिखाया कि वह टी20 प्रारूप में अब भी प्रभावी भूमिका निभा सकते हैं। नई गेंद से स्विंग और अहम मौकों पर सटीक गेंदबाजी उनकी प्रमुख ताकत मानी जाती है।
न्यूजीलैंड की परिस्थितियों में कितना मिलेगा फायदा?
भारत और न्यूजीलैंड के बीच पांच मैचों की टी20 अंतरराष्ट्रीय सीरीज का पहला मुकाबला 22 अक्टूबर को क्राइस्टचर्च में निर्धारित है। न्यूजीलैंड की परिस्थितियों में तेज गेंदबाजों को स्विंग मिल सकती है, ऐसे में भुवनेश्वर का अनुभव भारतीय टीम के लिए उपयोगी साबित हो सकता है।
जसप्रीत बुमराह को इस सीरीज के लिए आराम दिए जाने के बीच भुवनेश्वर कुमार की वापसी गेंदबाजी विभाग को अनुभवी विकल्प देती है। अब सबकी नजर इस बात पर रहेगी कि वह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में वापसी के बाद कैसा प्रदर्शन करते हैं और युवा गेंदबाजों के साथ मिलकर भारतीय आक्रमण को कितनी मजबूती देते हैं।