Riyadh Airport Attack: सऊदी अरब की राजधानी रियाद के किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर शनिवार को हुए हमले की खबर सामने आई है। दी गई जानकारी के मुताबिक, धमाके में 12 लोगों की मौत हो गई, जबकि 300 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं। कई घायलों की हालत गंभीर बताई जा रही है। हमले के बाद एयरपोर्ट पर अफरातफरी मच गई। एहतियातन परिसर को खाली कराया गया और उड़ानों पर असर पड़ा। पिछले 24 घंटे में कम से कम 225 उड़ानें रद्द होने की जानकारी दी गई है। दावा किया जा रहा है कि पिछले 20 दिनों में इस एयरपोर्ट को चौथी बार निशाना बनाया गया है।

फिलहाल किसी संगठन ने हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है। हालांकि, इसके पीछे यमन के हूती विद्रोहियों का हाथ होने की आशंका जताई जा रही है। इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि जरूरी है।
हूती विद्रोहियों ने एयरलाइंस को दी थी चेतावनी
यमन में हूती विद्रोहियों और सऊदी अरब समर्थित सरकारी बलों के बीच संघर्ष तेज होने की खबरें हैं। दी गई जानकारी के अनुसार, सऊदी अरब हूती ठिकानों पर हवाई हमले कर रहा है, जबकि यमन की सरकारी सेना जमीन पर आगे बढ़ने की कोशिश कर रही है। इस सैन्य संघर्ष का एक अहम पहलू लाल सागर के आसपास के इलाकों पर नियंत्रण और बाबअलमंदेब जलडमरूमध्य में हूतियों के प्रभाव को कम करना है। यह समुद्री मार्ग अंतरराष्ट्रीय व्यापार और तेल की आपूर्ति के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण है। दावे के मुताबिक, हूतियों ने हालिया सैन्य कार्रवाई के जवाब में सऊदी अरब के एयरपोर्ट, तेल प्रतिष्ठानों और सैन्य ठिकानों को निशाना बनाने की चेतावनी दी थी। इसी बीच, अंतरराष्ट्रीय एयरलाइंस को सऊदी हवाई क्षेत्र में उड़ानें संचालित करने के संभावित जोखिमों को लेकर भी आगाह किया गया था।
ट्रम्प बोले मैं खुश नहीं हूं
सऊदी अरब में हवाई अड्डों, सैन्य ठिकानों और तेल प्रतिष्ठानों को निशाना बनाए जाने की खबरों के बीच अमेरिका और उसके सहयोगी देशों से मदद मांगे जाने की जानकारी सामने आई है। बताया गया है कि संभावित अमेरिकी सहयोग में खुफिया जानकारी साझा करना, संदिग्ध ठिकानों की पहचान करना और सैन्य योजना बनाने में सहायता देना शामिल हो सकता है। रियाद एयरपोर्ट पर हमले को लेकर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प से सवाल किया गया तो उन्होंने कथित तौर पर कहा कि यह अच्छा नहीं है और वह इससे खुश नहीं हैं। हालांकि, उपलब्ध जानकारी के आधार पर यह स्पष्ट नहीं है कि अमेरिका इस घटना के जवाब में कोई सैन्य कार्रवाई करेगा या नहीं।
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एयर इंडिया समेत कई एयरलाइंस ने रोकी उड़ानें
क्षेत्र में बढ़ते तनाव का असर हवाई यातायात पर भी पड़ने की बात कही जा रही है। जानकारी के मुताबिक, एयर इंडिया, फ्लाईदुबई, लुफ्थांसा ग्रुप और पाकिस्तान इंटरनेशनल एयरलाइंस समेत कई विमानन कंपनियों ने रियाद और सऊदी अरब के अन्य हवाई अड्डों के लिए अपनी उड़ानों पर रोक लगाई है। यूरोपीय संघ की विमानन सुरक्षा एजेंसी की ओर से भी सऊदी हवाई क्षेत्र को लेकर चेतावनी बढ़ाए जाने का दावा किया गया है। सुरक्षा एजेंसियों की चिंता है कि क्षेत्रीय संघर्ष के बीच हवाई अड्डों और अन्य विमानन ठिकानों को निशाना बनाए जाने का खतरा बढ़ सकता है।
नोट: इस खबर में दिए गए हताहतों के आंकड़े, रियाद एयरपोर्ट पर हमले और उड़ानें रद्द होने से जुड़े दावों की स्वतंत्र पुष्टि आवश्यक है। प्रकाशन से पहले आधिकारिक सऊदी बयान, एयरपोर्ट अथॉरिटी और विश्वसनीय समाचार एजेंसियों से जानकारी सत्यापित कर लें।
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