शुक्रवार, 10 जुलाई 2026 ब्रेकिंग
IND vs ENG: 5वें टी20 से पहले टीम इंडिया को लगा बड़ा झटका, एक साथ चोटिल हुए 2 खिलाड़ी, BCCI ने किया नई टीम का ऐलान​ | Team India की हार के बीच बांगर का बड़ा खुलासा, Virat Kohli की तरह मेहनत से ही मिलेगी England में जीत​ | सिर्फ 15 साल निवेश कर बनाएं 2 करोड़ रुपये का फंड, PPF के साथ SIP की यह स्ट्रैटेजी कर देगी कमाल​
दिल्ली 32°C ☀️ |
728 x 90 Advertisement
विज्ञापन
728 x 90 Advertisement
Viral

राम मंदिर चढ़ावा चोरी कांड: दान की रकम से खरीदी गई कार बरामद, आरोपी अविनाश ने उगले कई राज​

Ram Mandir Daan Chori Update: राम मंदिर दान चोरी मामले की जांच में पुलिस को एक और महत्वपूर्ण सफलता मिली है. 13 घंटे की पुलिस रिमांड के दौरान गिरफ्तार आरोपी अविनाश शुक्ला की निशानदेही पर सुजुकी ब्रेजा कार बरामद की गई है. उससे जुड़े अन्य तथ्यों की पड़ताल की जा रही है. सूत्रों के मुताबिक, […]

Ram Mandir Daan Chori Update: राम मंदिर दान चोरी मामले की जांच में पुलिस को एक और महत्वपूर्ण सफलता मिली है. 13 घंटे की पुलिस रिमांड के दौरान गिरफ्तार आरोपी अविनाश शुक्ला की निशानदेही पर सुजुकी ब्रेजा कार बरामद की गई है. उससे जुड़े अन्य तथ्यों की पड़ताल की जा रही है. सूत्रों के मुताबिक, यह कार करीब एक वर्ष पहले खरीदी गई थी.

पुलिस को एक और महत्वपूर्ण सफलता
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, वाहन का पंजीकरण अभिषेक शुक्ला के नाम पर बताया जा रहा है, जो आरोपी अविनाश शुक्ला का भाई है. हालांकि, वाहन की भूमिका और स्वामित्व से जुड़े सभी पहलुओं की पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट होगी. सूत्रों की मानें तो इस कार से ज्वेलरी का जखीरा मिला है. जांच टीम ने अविनाश के अयोध्या स्थित आवास के साथसाथ उन ठिकानों पर भी सघन छापेमारी की, जहां चोरी का पैसा बांटा जाता था.

क्या कह रही है पुलिस?
राम मंदिर दान चोरी प्रकरण में पुलिस लगातार आरोपियों से पूछताछ कर रही है और बरामद साक्ष्यों के आधार पर पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने में जुटी है. पुलिस का कहना है कि जांच अभी जारी है और मामले से जुड़े हर पहलू की गहनता से जांच की जा रही है. बताया जा रहा है कि पूछताछ में अविनाश ने चोरी में कई राज उगले और टिन्नूसुभाष की भूमिका की पुष्टि की. पूछताछ में उसने बताया था कि सभी आरोपी मिलकर लगभग हर बार लाखों रुपये पार करते थे. ये सिलसिला लंबे समय से चल रहा है. जब एक साल पहले उसने नौकरी ज्वाइन की, तब से वह भी इसमें शामिल हो गया था.

रिमांड अवधि पूरी होते भेजा जेल
पुलिस ने रिमांड अवधि पूरी होने के बाद रात करीब साढ़े दस बजे उसको जेल में दाखिल कराया. सूत्रों की मानें तो, अविनाश ने बताया है कि उसके साथ टिन्नू और सुभाष की मिलीभगत थी, इसलिए पकड़े जाने का डर नहीं था. टिन्नू कहता था कि कहीं कुछ नहीं होगा. फुटेज डिलीट कर दिए जाएंगे. बाकी यहां कोई पकड़ने वाला नहीं है, क्योंकि टिन्नू की ही जिम्मेदारी निगरानी की थी. अविनाश के मुताबिक, कभी भी उसको किसी भी सुरक्षाकर्मी या किसी अन्य ने टोका तक नहीं. इसलिए धड़ल्ले से रकम पार करता रहा.

‘बराबरबराबर बंटती थी रकम’
सूत्रों का कहना है कि अविनाश ने बताया था कि जो भी रकम सभी लोग मिलकर पार करते थे, वह बराबर हिस्सों में बांटी जाती थी. कभीकभार कोई अधिक ले जाता था. हालांकि, टिन्नू इसमें दबाव भी बनाता था. अविनाश ने इसी रकम से कार खरीदी, गांव वाला घर बनाया और अपने साथ भाई को भी खूब पैसे दिए. सूत्र की मानें तो और रकम आदि भी बरामद हो सकती है. ऐसे में पुलिस अन्य आरोपियों में से कुछ को रिमांड पर ले सकती है. इसके लिए एक दो दिन में फिर कोर्ट में अर्जी दे सकती है.

विज्ञापन
728 x 90 Advertisement
शेयर करें:
Author Bio Pic

संपादकीय टीम

खबर मंकी की अनुभवी एडिटोरियल डेस्क। हमारे लेखक और संपादक दिन-रात निष्पक्ष, सटीक और तीव्र समाचार आप तक पहुँचाने के लिए काम करते हैं।

🐒 KHABAR MONKEY