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Health Alert: वजन घटाने के चक्कर में कहीं किडनी तो खराब नहीं कर रहे आप? जानें गर्म पानी के छिपे हुए खतरे

Hot Water Side Effects: स्वस्थ रहने और वजन घटाने की चाह में आज के समय में सुबह उठते ही गर्म पानी पीना एक ग्लोबल ट्रेंड बन चुका है। कई लोग इसे बॉडी डिटॉक्स और चर्बी गलाने का रामबाण इलाज मानते हैं। हालांकि हालिया अंतरराष्ट्रीय शोध और चिकित्सा विशेषज्ञों ने इस आदत को लेकर गंभीर चेतावनी जारी की है। विज्ञान का मानना है कि यदि पानी का तापमान और पीने का तरीका सही न हो तो यह अमृत की जगह शरीर के लिए ‘विष’ के समान कार्य करने लगता है।

Health Alert: वजन घटाने के चक्कर में कहीं किडनी तो खराब नहीं कर रहे आप? जानें गर्म पानी के छिपे हुए खतरे
Health Alert: वजन घटाने के चक्कर में कहीं किडनी तो खराब नहीं कर रहे आप? जानें गर्म पानी के छिपे हुए खतरे

क्या कहती है रिसर्च

ब्रिटिश मेडिकल जर्नल और जर्नल ऑफ प्रिवेंटिव मेडिसिन में प्रकाशित रिपोर्टों के अनुसार हमारे शरीर के आंतरिक अंगों विशेषकर आहार नली की परतें बेहद नाजुक होती हैं। रिसर्च के मुताबिक 60°C से अधिक तापमान वाले पानी का सेवन करने से गले और आहार नली की कोशिकाओं को थर्मल इंजरी हो सकती है। यह इंजरी लंबे समय में गंभीर घाव और अल्सर का रूप ले सकती है।

किडनी पर बुरा असर

आमतौर पर माना जाता है कि गर्म पानी किडनी की सफाई करता है लेकिन हकीकत इसके विपरीत हो सकती है। बहुत अधिक से शरीर का तापमान अचानक बढ़ जाता है जिससे पसीना अधिक आता है। इससे शरीर में मौजूद जरूरी इलेक्ट्रोलाइट्स जैसे सोडियम और पोटेशियम का संतुलन बिगड़ सकता है जिससे कमजोरी या चक्कर आने की समस्या हो सकती है। इसके अलावा तापमान में अचानक वृद्धि किडनी के फिल्ट्रेशन सिस्टम पर अतिरिक्त दबाव डालती है जो भविष्य में किडनी की कार्यक्षमता को प्रभावित कर सकती है।

कैंसर का बढ़ता जोखिम?

और अन्य अंतरराष्ट्रीय अध्ययनों में यह संकेत दिया गया है कि अत्यधिक गर्म पेय पदार्थों का नियमित सेवन आहार नली के कैंसर के जोखिम को बढ़ा सकता है। हालांकि कुछ ऑन्कोलॉजिस्ट का मानना है कि केवल गर्म तरल पदार्थ ही कैंसर का एकमात्र कारण नहीं हैं लेकिन यह जोखिम को काफी हद तक बढ़ाने में सहायक हो सकते हैं।

मिथक बनाम सच्चाई

अक्सर लोग मानते हैं कि गर्म पानी पीने से शरीर के टॉक्सिन्स बाहर निकल जाते हैं और चर्बी पिघलती है। विशेषज्ञों के अनुसार शरीर से टॉक्सिन्स निकालने का काम लिवर और किडनी का है न कि पानी के तापमान का। इसी तरह वजन घटाने के लिए केवल गर्म पानी काफी नहीं है इसके लिए कैलोरी कंट्रोल और एक्सरसाइज अनिवार्य है। साथ ही उबलता हुआ पानी दांतों के इनेमल को भी नुकसान पहुंचाता है जिससे दांतों में सेंसिटिविटी बढ़ जाती है।

कैसे पिएं सुबह का पानी

रिसर्च स्पष्ट करती है कि सुबह गुनगुना पानी पीना ही सबसे सुरक्षित है। पानी हमेशा बैठकर और घूंट-घूंट करके पीना चाहिए ताकि शरीर उसे आसानी से ग्रहण कर सके। किसी भी स्वास्थ्य संबंधी उपचार को आजमाने से पहले डॉक्टर की सलाह जरूर लें।

डिस्क्लेमर: इस लेख में दिए गए सुझाव केवल सामान्य जानकारी के लिए हैं। किसी भी स्वास्थ्य समस्या के लिए डॉक्टर से सलाह जरूर लें। नवभारत किसी भी प्रकार के दावे की पुष्टि नहीं करता है।

khabarmonkey@gmail.com

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