: लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी की बहस की चुनौती पर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने तीखा पलटवार किया है। अमित शाह ने राहुल गांधी को खुली चुनौती देते हुए कहा कि अगर उनके मुद्दों में सच्चाई, दम और लॉजिक है तो संसद के अंदर चर्चा करें।

उन्होंने कहा कि राहुल गांधी को सड़क पर चर्चा करने का इतना ही शौक है तो उन्हें हरियाणा के किसी चौराहे पर जगह बतानी चाहिए। वहां बीजेपी युवा मोर्चा का अध्यक्ष उनसे चर्चा करने पहुंच जाएगा। अमित शाह ने कहा कि बहस के लिए बीजेपी तैयार है और दोनों पक्ष आमनेसामने बैठकर दोदो हाथ कर सकते हैं।
सड़क पर नहीं, संसद में होनी चाहिए चर्चा
अमित शाह ने अपने संबोधन में कहा कि देश की जनता को तय करना है कि देश के कानून बनाने की प्रक्रिया, समस्याओं और जनता की भलाई से जुड़ी योजनाओं पर चर्चा कहां होनी चाहिए। क्या इन मुद्दों पर चर्चा सड़क पर होगी या संसद में? उन्होंने राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा कि अगर उन्हें सड़क पर चर्चा करने का इतना ही शौक है तो कोई आपत्ति नहीं है। राहुल गांधी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से चर्चा के लिए जगह बताने की बात करते हैं, लेकिन अमित शाह ने उन्हें हरियाणा के चौराहे पर बहस करने की चुनौती दे दी।
‘युवा मोर्चा का अध्यक्ष आपसे चर्चा करेगा’
अमित शाह ने कहा कि राहुल गांधी अपने मुद्दों को लेकर इतने आश्वस्त हैं तो उन्हें संसद में चर्चा करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि अगर राहुल गांधी सड़क पर चर्चा करना चाहते हैं तो बीजेपी युवा मोर्चा का अध्यक्ष भी उनसे चर्चा करने के लिए तैयार है।
अमित शाह ने तंज कसते हुए कहा कि जब जिम्मेदारी के साथ चर्चा होगी और सवालों का जवाब देना पड़ेगा, तब राहुल गांधी हमेशा की तरह भाग जाएंगे। उन्होंने कहा कि मुद्दों में सच, दम और लॉजिक है तो चर्चा से पीछे नहीं हटना चाहिए।
EVM और मतदाता सूची पर भी राहुल गांधी को घेरा
अमित शाह ने चुनाव में EVM और मतदाता सूची को लेकर कांग्रेस की ओर से उठाए जाने वाले सवालों पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी जिस चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूची पर सवाल उठाते हैं, उसी प्रक्रिया से चुनाव जीतने पर कांग्रेस सरकार भी बनाती है।
उन्होंने केरल, तेलंगाना और हिमाचल प्रदेश का उदाहरण देते हुए सवाल किया कि अगर EVM और मतदाता सूची खराब थी तो इन राज्यों में जीत के बाद कांग्रेस ने सरकार बनाने और शपथ लेने से इनकार क्यों नहीं किया? अमित शाह ने कहा कि जहां चुनाव जीतते हैं वहां व्यवस्था सही और जहां हारते हैं वहां EVM और मतदाता सूची खराब बताई जाती है।
राहुल गांधी की विदेश यात्राओं पर भी उठाए सवाल
अमित शाह ने राहुल गांधी की विदेश यात्राओं का जिक्र करते हुए वियतनाम दौरे को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी पारदर्शिता की बात करते हैं, इसलिए उन्हें अपनी विदेश यात्राओं का हिसाब भी देश की जनता को देना चाहिए।
अमित शाह ने पूछा कि राहुल गांधी वियतनाम कितने दिन रहे, किससे मिले और किस कार्यक्रम के लिए वहां गए थे। उन्होंने कहा कि नेता प्रतिपक्ष भी संवैधानिक पद पर हैं और जनता को उनके सार्वजनिक जीवन के बारे में जानने का अधिकार है।
अमित शाह ने अपने संबोधन के दौरान राहुल गांधी को बारबार बहस की चुनौती दी। उन्होंने साफ कहा कि अगर राहुल गांधी के मुद्दों में दम है तो संसद में चर्चा करें। वहीं सड़क पर बहस करने की इच्छा है तो हरियाणा का चौराहा भी तैयार है। उनके इस बयान से राहुल गांधी की बहस की चुनौती और बीजेपी के पलटवार को लेकर राजनीतिक चर्चा तेज हो गई है।