मारुति सुजुकी इंडिया ने मंगलवार को बताया कि वित्त वर्ष 2027 की जुलाईसितंबर तिमाही में उसका कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट सालाना आधार पर 26% घटकर 2,466 करोड़ रुपए रह गया, जबकि पिछले साल की इसी अवधि में यह 3,349 करोड़ रुपए था. इस दौरान कंपनी की कुल आय में बढ़ोतरी हुई है. वहीं, समीक्षाधीन तिमाही में कंपनी का ऑपरेशंस से रेवेन्यू सालाना आधार पर लगभग 26% बढ़कर 53,356 करोड़ रुपए हो गया, जबकि पिछले वित्त वर्ष की इसी तिमाही में यह 42,344 करोड़ रुपए था. आज कंपनी के शेयर 2% से ज्यादा की तेजी के साथ बंद हुए.

वित्त वर्ष 2027 की दूसरी तिमाही में मारुति सुजुकी का कुल खर्च सालाना आधार पर लगभग 30% बढ़कर 50,619 करोड़ रुपए हो गया, जो पिछले साल की इसी अवधि में 39,018 करोड़ रुपए था. इसका कारण यह रहा कि इस दौरान इस्तेमाल की गई सामग्री की लागत सालाना आधार पर 48% बढ़कर 37,489 करोड़ रुपए हो गई, जबकि कर्मचारियों से जुड़ी लागत 14.5% बढ़कर 2,351 करोड़ रुपए हो गई.
कंपनी ने एक प्रेस विज्ञप्ति में बताया कि पश्चिम एशिया में चल रहे संघर्ष के कारण कमोडिटी की कीमतों में बढ़ोतरी हुई, जिससे कंपनी का ऑपरेटिंग प्रॉफिट पिछले साल की इसी अवधि के 3,382 करोड़ रुपए से घटकर 2,804 करोड़ रुपए रह गया. कंपनी ने प्रॉफिट में आई इस भारी गिरावट का कारण बताते हुए कहा कि इसके अलावा, निवेश की गई अतिरिक्त पूंजी पर ‘मार्कटूमार्केट’ नुकसान होने के कारण दूसरी तिमाही में नॉनऑपरेटिंग इनकम में भी काफी कमी आई है.
सबसे ज्यादा तिमाही कुल बिक्री दर्ज की
कंपनी ने 6.97 लाख यूनिट की अब तक की सबसे ज्यादा तिमाही कुल बिक्री हासिल की, जो सालाना आधार पर 26.5 फीसदी की वृद्धि है. घरेलू पैसेंजर व्हीकल मार्केट में कंपनी की ग्रोथ काफी व्यापक रही. इसमें छोटी कारों की सेल में लगभग 40% और SUV की बिक्री में 68% से ज्यादा की बढ़ोतरी हुई.
घरेलू बाजार में मारुति सुजुकी की हिस्सेदारी 2.2 प्रतिशत अंक बढ़कर 40.8% हो गई है. कंपनी ने बताया कि हाल ही में क्षमता बढ़ाने से वह मजबूत मांग को पूरा करने में सक्षम रही. “उत्पादन क्षमता बढ़ाने के बावजूद, मांग सप्लाई से अधिक बनी रही. नतीजतन, तिमाही के अंत में नेटवर्क इन्वेंट्री लगभग 17 दिनों की रही और करीब 2,00,000 यूनिट्स की बुकिंग पेंडिंग थी.
एक्सपोर्ट मार्केट्स में, मारुति सुजुकी ने बताया कि चुनौतीपूर्ण भूराजनीतिक स्थितियों के बावजूद, वित्त वर्ष 2027 की दूसरी तिमाही में उसने 1,08,119 यूनिट्स की सेल की, जबकि वित्त वर्ष 2026 की दूसरी तिमाही में यह आंकड़ा 1,10,487 यूनिट्स था. इस तिमाही में कंपनी की नेट सेल्स अब तक के सबसे ऊंचे स्तर 50,616 करोड़ रुपए पर पहुंच गई, जो पिछले साल की इसी अवधि में 40,136 करोड़ रुपए थी.
मारुति सुजुकी के शेयर की कीमत
मंगलवार को मारुति सुजुकी के शेयरों में लगभग 2% की तेजी आई और यह 11,450 रुपए प्रति शेयर पर बंद हुआ. नतीजों की घोषणा ट्रेडिंग सत्र के बिल्कुल आखिर में हुई, जब स्टॉक पहले से ही CAS ट्रेडिंग ज़ोन में था. पिछले एक महीने में यह स्टॉक 5% से ज्यादा गिर चुका है, और 2026 में अब तक इसमें 31% की गिरावट आई है. लंबे समय के नजरिए से देखें तो, मारुति सुजुकी के शेयरों ने तीन साल में 8% से ज्यादा और पांच साल में 56% का रिटर्न दिया है. कंपनी का मार्केट कैपिटलाइजेशन लगभग 3.6 लाख करोड़ रुपए है.