उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में कैफे मालिक शिवा शर्मा की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के मामले में गिरफ्तार मॉडल श्रद्धा दुबे, उसकी बहन और वाहन चालक को अदालत ने 10 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है. इसके बाद पुलिस आरोपी श्रद्धा दुबे को लेकर साढ़े 8 बजे जेल पहुंची. साथ ही श्रद्धा की बहन रश्मि दुबे और ड्राइवर तनवीर अली उर्फ दानिश भी जेल भेजे गए. तीनों को 10 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा गया है.

दरअसल गुरुवार रात करीब 8:30 बजे कड़ी सुरक्षा में उन्हें जिला जेल में दाखिल कराया गया. बताया जा रहा है कि श्रद्धा और उसकी बहन को महिला बैरक के क्वारंटीन बैरक में रखा गया है. दोनों बहनों को अन्य महिला बंदियों से अलग रखा गया है.
तीनों की गतिविधियों पर लगातार निगरानी
वहीं ड्राइवर तनवीर को पुरुष बैरक में शिफ्ट किया गया है. जेल में दाखिले से पहले तीनों की सघन तलाशी और मेडिकल परीक्षण कराया गया. दोनों बहनों की निगरानी के लिए चार महिला जेलकर्मी तैनात किया गया है. महिला डिप्टी जेलर भी दोनों पर नजर रखेंगी. ड्राइवर पर भी CCTV से नजर रखी जा रही है. पुलिस ने आरोपियों के मोबाइल फोन और अन्य सामान को फॉरेंसिक जांच के लिए भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है.
पुलिस उपायुक्त अर्पित विजयवर्गीय ने गुरुवार को बताया कि नागपुर से गिरफ्तार श्रद्धा दुबे, उसकी बहन रश्मि दुबे और चालक दानिश को ट्रांजिट रिमांड पर लखनऊ लाकर पूछताछ की गई. उन्होंने कहा कि आरोपियों से विस्तृत पूछताछ की गई है और उनके पास से बरामद दो मोबाइल फोन एवं अन्य सामान को सील कर फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है. उन्होंने बताया कि पुलिस आरोपियों से जुड़े अन्य मोबाइल नंबरों की भी पहचान कर रही है.
पांच घंटे से अधिक समय तक पूछताछ
विजयवर्गीय ने कहा कि पुलिस यह भी पता लगा रही है कि फरार रहने के दौरान पिछले 10 दिनों में आरोपियों को किसने मदद दी और वे कहांकहां ठहरे थे. उन्होंने कहा कि मदद करने वालों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी. पुलिस के मुताबिक, तीनों आरोपियों को अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट बलवंत कुमार भारती की अदालत में पेश किया गया. इससे पहले हजरतगंज थाने में उनसे पांच घंटे से अधिक समय तक पूछताछ की गई और फिर मेडिकल परीक्षण कराया गया.
बालकनी से संदिग्ध हालात में गिरने से मौत
शिवा शर्मा की नौ अक्टूबर को हजरतगंज थाना क्षेत्र के बालू अड्डा इलाके में एक अपार्टमेंट की बालकनी से संदिग्ध हालात में गिरने से मौत हो गई थी. उनकी मां ने श्रद्धा के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था. आरोप है कि शिवा को प्रताड़ित करने और पीटने के बाद बालकनी से फेंका गया. पुलिस ने शुरुआत में इसे दुर्घटनावश हुई मौत माना था, लेकिन परिजनों के आरोपों के बाद हत्या का मामला दर्ज किया गया. श्रद्धा अपनी बहन और चालक के साथ फरार थी. पुलिस ने उनकी गिरफ्तारी के लिए 50 हजार रुपए का इनाम घोषित किया था.
सोशल मीडिया पर प्रसारित वीडियो में श्रद्धा ने आरोपों से इनकार करते हुए दावा किया है कि शिवा ने खुद बालकनी से छलांग लगाई थी. उसने शिवा पर 15 से 20 लाख रुपए का कर्ज होने और आत्महत्या की धमकी देने का भी आरोप लगाया है.