: नई दिल्ली । 8वां वेतन आयोग को लेकर कर्मचारियों की मांगें लगातार सामने आ रही हैं। जयपुर में हुई बैठक में कर्मचारी और पेंशनर्स प्रतिनिधियों ने सालाना इंक्रीमेंट की दर बढ़ाने की मांग रखी। अभी कर्मचारियों को 3% सालाना इंक्रीमेंट मिलता है, जिसे बढ़ाकर कम से कम 7% करने की मांग की गई है।

ऑल इंडिया न्यू पेंशन स्कीम कर्मचारी फेडरेशन की ओर से भी 7% सालाना इंक्रीमेंट की मांग रखी गई है। कर्मचारियों का कहना है कि मौजूदा महंगाई को देखते हुए 3% इंक्रीमेंट पर्याप्त नहीं है।
2.15 फिटमेंट फैक्टर पर कितना बढ़ेगा बेसिक
अगर 8वें वेतन आयोग में 2.15 का फिटमेंट फैक्टर तय किया जाता है और लेवल8 कर्मचारी की मौजूदा बेसिक सैलरी ₹47,600 है, तो नई बेसिक सैलरी करीब ₹1,02,340 हो सकती है।
इसके अलावा डीए और एचआरए जुड़ने के बाद कर्मचारी की कुल सैलरी इससे भी ज्यादा हो सकती है। हालांकि फिटमेंट फैक्टर की अंतिम दर अभी तय नहीं हुई है।
7% इंक्रीमेंट से हर साल बढ़ेगी सैलरी
अगर ₹1,02,340 की बेसिक सैलरी पर हर साल 7% इंक्रीमेंट लागू होता है, तो अनुमानित सालाना सैलरी इस तरह बढ़ सकती है:
साल
अनुमानित सालाना सैलरी
पहला साल
₹12,28,080
दूसरा साल
₹13,14,046
तीसरा साल
₹14,06,029
चौथा साल
₹15,04,451
पांचवां साल
₹16,09,762
10 साल में ₹29 लाख तक एक्स्ट्रा
इसी गणना को आगे बढ़ाने पर 7% सालाना इंक्रीमेंट का असर कई सालों में काफी बड़ा हो सकता है। दिए गए अनुमान के मुताबिक 10वें साल में सालाना सैलरी करीब ₹1,69,67,703 तक पहुंच सकती है।
इस गणना के आधार पर 7% इंक्रीमेंट लागू होने से 10 साल में करीब ₹29 लाख अतिरिक्त कमाई का फायदा बताया जा रहा है। यह रकम मौजूदा 3% इंक्रीमेंट की तुलना में अनुमानित अतिरिक्त लाभ को दर्शाती है।
चेन्नई में होगी अगली बैठक
8वें वेतन आयोग की जयपुर बैठक खत्म हो चुकी है। अब आयोग की अगली बैठक चेन्नई में 7 और 8 सितंबर को होने वाली है। इन बैठकों में कर्मचारियों और पेंशनर्स से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा जारी रहेगी।
अभी अंतिम फैसला बाकी
ध्यान देने वाली बात यह है कि 7% इंक्रीमेंट और 2.15 फिटमेंट फैक्टर अभी मांग और अनुमान का हिस्सा हैं। 8वें वेतन आयोग की अंतिम सिफारिश और केंद्र सरकार की मंजूरी के बाद ही वास्तविक वेतन और इंक्रीमेंट में बदलाव तय होगा।