भागदौड़ भरी जिंदगी, खराब खान-पान और शारीरिक निष्क्रियता के कारण कब्ज (Constipation) या डायरिया (Diarrhea) जैसी पेट की समस्याएं आजकल बेहद आम हो चुकी हैं। अमूमन लोग इन्हें मामूली समझकर नजरअंदाज कर देते हैं या फिर घरेलू नुस्खों से ठीक करने की कोशिश करते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि पेट की यही साधारण सी दिखने वाली खराबी कभी-कभी किसी बड़ी बीमारी का शुरुआती संकेत भी हो सकती है? चिकित्सा विशेषज्ञों और डॉक्टरों के अनुसार, अगर कब्ज या डायरिया की समस्या लंबे समय तक बनी रहे और दवाओं के बाद भी ठीक न हो, तो यह कोलन कैंसर की शुरुआती चेतावनी हो सकती है। गैस्ट्रोएंटेरोलॉजिस्ट Dr Joseph Salhab के मुताबिक, डायरिया और कब्ज का एक साथ होना ओवरफ्लो डायरिया नामक समस्या का संकेत हो सकता है, जो कुछ मामलों में कोलन कैंसर से भी जुड़ा हो सकता है।
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क्या होता है ओवरफ्लो डायरिया?
डॉ. सलहब ने इंस्टाग्राम वीडियो में बताया कि कई बार व्यक्ति को लगता है कि उसे डायरिया हो रहा है, जबकि असल में वह गंभीर कब्ज से जूझ रहा होता है। इस स्थिति को Overflow Diarrhoea कहा जाता है। एक्सपर्ट ने वीडियो में समझाया जब बड़ी आंत में मल बहुत ज्यादा जमा हो जाता है और वो बाहर नहीं निकलता तो उस मल के आस-पास से सिर्फ पानी निकलता है,यह पानी पतले दस्त जैसा महसूस होता है। डॉक्टर के अनुसार पेट से जुड़ी ये परेशानी कई दिनों तक पेट साफ न होने के बाद अचानक पानी जैसे मल आने के रूप में सामने आती है।
ओवरफ्लो डायरिया के बॉडी में कौन-कौन से दिखते हैं लक्षण
ओवरफ्लो डायरिया के लक्षणों की बात करें तो पेट दर्द,पेट फूलना, मतली, बार-बार पतला मल आना, मल का रिसाव, भारीपन महसूस होने जैसे लक्षण दिखाई देते हैं। डॉक्टर ने सलाह दी अगर किसी की बॉडी में भी इस तरह के लक्षण दिखें तो उन्हें नजरअंदाज नहीं करें। गंभीर मामलों में अस्पताल में जांच कराएं।
ओवरफ्लो डायरिया का पता लगाने के लिए कौन-कौन सी जांच है जरूरी
- पेट का एक्स-रे
- CT स्कैन
- ब्लड टेस्ट
- एनीमिया
- लैक्सेटिव्स
- मैनुअल डिसइम्पैक्शन (जमा मल निकालना)।
डॉक्टर के अनुसार, सबसे पहले आंतों में जमा सख्त मल को बाहर निकालना जरूरी होता है। इसके बाद मरीज को नियमित बाउल रूटीन अपनाने की सलाह दी जाती है। स्थिति की गंभीरता के अनुसार डॉक्टर मरीज को इन जांच को करने की सलाह दे सकते हैं
ओवरफ्लो डायरिया के इलाज के दौरान इस तरह करें डाइट में सुधार
- रोजाना 25–30 ग्राम फाइबर वाले फूड का सेवन करें।
- इसबगोल (Psyllium) जैसे सप्लीमेंट्स का सेवन दही या पानी में भिगोकर करें।
- पर्याप्त पानी पिएं
- तय समय पर टॉयलेट जाने की आदत डालें
कब्ज और ओवरफ्लो डायरिया हो सकता है कोलन कैंसर का संकेत
डॉ. सलहब ने चेतावनी दी कि कुछ मामलों में कोलन कैंसर भी कब्ज और ओवरफ्लो डायरिया जैसे लक्षणों के रूप में सामने आ सकता है। कैंसर के कारण आंत में रुकावट या संकुचन हो सकता है, जिससे मल सामान्य रूप से बाहर नहीं निकल पाता। यदि ये लक्षण लगातार बने रहें, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए।
कोलन कैंसर के लक्षण
- मल में खून
- अचानक वजन कम होना
- एनीमिया
- लगातार कब्ज
- तेज पेट दर्द
- उल्टी
बढ़ती हुई पाचन समस्याएं कोलन कैंसर का हो सकते हैं संकेत। एक्सपर्ट ने सलाह दी कि आप खुद से इलाज करने से परहेज करें। गंभीर स्थिति में सही मेडिकल जांच और उपचार बेहद जरूरी होता है।
डिस्क्लेमर: यह लेख केवल सामान्य जानकारी के लिए है। किसी भी स्वास्थ्य समस्या या लक्षण की स्थिति में डॉक्टर या विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।





