अमेरिकी राष्ट्रपति ने एक बार फिर से भारत-पाकिस्तान के बीच संघर्ष पर अपना पुराना राग अलापा है. उन्होंने कहा कि मैंने आठ युद्धों का निपटारा किया. लगभग हर मामले में उन्होंने मुझे धन्यवाद पत्र भेजे और नोबेल समिति को भी पत्र लिखे. भारत के मामले में, पाकिस्तान के प्रधानमंत्री ने कहा- मैंने तीन से पांच करोड़ लोगों की जान बचाई. लेकिन यह संख्या इससे भी अधिक हो सकती थी. दो परमाणु शक्ति संपन्न देश आपस में लड़ रहे थे. 11 विमानों को मार गिराया गया. मैंने इसे टैरिफ लगाकर सुलझाया. मैंने कहा कि अगर आप लड़ते रहे तो मैं आप पर टैरिफ लगाऊंगा.

दरअसल राष्ट्रपति ट्रंप ने एक बार फिर खुद को सबसे बड़ा पीसमेकर बताया. व्हाइट हाउस में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान ट्रंप ने खुद को दुनिया का सबसे बड़ा ‘शांतिदूत’ करार दिया. उन्होंने दावा किया कि अपने प्रयासों से आठ युद्धों को खत्म किया है और करोड़ों लोगों की जान बचाई.
#WATCH | US President Donald J Trump says, “… I settled eight wars… Almost in every case, they sent letters thanking me and letters to the Nobel Committee… In the case of India…, the prime minister of Pakistan said, I saved from 30 to 50 million lives. But it could have pic.twitter.com/OXTwkry9Dj
— ANI (@ANI) April 30, 2026
भारत और पाकिस्तान में महायुद्ध छिड़ जाता
ट्रंप के इन दावों में सबसे चौंकाने वाला जिक्र भारत और पाकिस्तान का रहा है. उन्होंने कहा कि अगर वह इसमें हस्तक्षेप नहीं करते, तो भारत और पाकिस्तान के बीच एक ऐसा महायुद्ध छिड़ जाता, जिसमें करीब 3-5 करोड़ लोग मारे जाते. ट्रंप ने कहा, मैंने उस जंग को सुलझाया जिसमें करोड़ों लोगों की जान जा सकती थी. ट्रंप ने अपनी लिस्ट में ईरान और लेबनान का नाम भी जोड़ा है. उन्होंने कहा कि अगर ईरान और लेबनान के हालिया घटनाक्रमों को भी शामिल कर लिया जाए, तो उन्होंने कुल मिलाकर 10 युद्धों को खत्म करने में कामयाबी हासिल की है.
ईरान पर भी जमकर निशाना साधा
प्रेस कॉन्फ्रेंस में डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान पर भी जमकर निशाना साधा. उन्होंने कहा कि ईरानी शासन ने 42 हजार लोगों को मार डाला. अब मैं किसी न किसी तरह से ईरान को बचाने की कोशिश कर रहा हूं. यह एक क्रूर समूह है, लेकिन हमने उन्हें पूरी तरह से बर्बाद कर दिया है. उनकी अर्थव्यवस्था भी पूरी तरह से खत्म हो चुकी है, इसलिए हम देखेंगे कि वो हमारे सामने कब तक टिक पाते हैं.





