अमेरिकी ब्याज दरों में इजाफा और डॉलर इंडेक्स में तेजी की वजह से मंगलवार को सोने की कीमत में बड़ी गिरावट देखने को मिली है. वैसे सोमवार को दाम काफी मामूली रूप से कम हुए थे. मंगलवार को दिल्ली सर्राफा बाजार में सोने की कीमतों में 1500 रुपए प्रति दस ग्राम की गिरावट देखी गई. वहीं दूसरी ओर चांदी के दाम में कोई बदलाव देखने को नहीं मिला. जानकारों की मानें तो आने वाले दिनों में सोने और चांदी की कीमतों में बड़ी गिरावट देखने को मिल सकती है. एक्सपर्ट के अनुसार फेड ब्याज दरों में लंबे समय तक हाई रख सकता है. जिसका असर भारत में भी ब्याज दरों में देखने को मिल सकता है. आइए आपको भी बताते हैं कि आखिर देश की राजधानी दिल्ली में सोने और चांदी के दाम कितने हो गए हैं.

कितना सस्ता हुआ सोना?
मंगलवार को कमजोर ग्लोबल ट्रेंड के बीच राष्ट्रीय राजधानी में सोने की कीमतों में लगातार दूसरे दिन गिरावट आई और यह 1,500 रुपए गिरकर 1.54 लाख रुपए प्रति 10 ग्राम हो गया. स्थानीय व्यापारियों के अनुसार, 99.9 प्रतिशत शुद्धता वाले सोने की कीमत सोमवार के 1,56,400 रुपए प्रति 10 ग्राम के क्लोजिंग लेवल से 1,500 रुपए गिरकर 1,54,900 रुपए प्रति 10 ग्राम हो गई.
हालांकि, चांदी की कीमतें 2.42 लाख रुपए प्रति किलोग्राम पर स्थिर रहीं. HDFC सिक्योरिटीज में कमोडिटीज के सीनियर एनालिस्ट सौमिल गांधी ने कहा कि मंगलवार को सोने में गिरावट जारी रही क्योंकि फेडरल रिजर्व के अधिकारियों के सख्त बयानों और मजबूत अमेरिकी डॉलर ने कीमती धातुओं पर दबाव डाला.
फेड अधिकारियों के यह संकेत देने के बाद कि ब्याज दरों को लंबे समय तक ऊंचा रखना पड़ सकता है, डॉलर इंडेक्स 100 से ऊपर बना रहा, जो जुलाई के आखिर के बाद से इसके उच्चतम स्तर के करीब है. गांधी ने कहा कि हालांकि, तेल की कीमतों में और गिरावट ने महंगाई की चिंताओं को कम करके सोने को कुछ सहारा दिया, साथ ही अमेरिकाईरान विवाद के संभावित राजनयिक समाधान को लेकर उम्मीदें भी बढ़ीं.
विदेशी बाजररों में सोने और चांदी में 1 फीसदी की कमी
ग्लोबल मार्केट में, स्पॉट गोल्ड और सिल्वर क्रमशः 4,315.09 डॉलर और 65.50 डॉलर प्रति औंस पर लगभग 1 प्रतिशत नीचे कारोबार कर रहे थे. मिरे एसेट शेरखान में कमोडिटीज के हेड प्रवीण सिंह ने कहा कि स्थिर अमेरिकी डॉलर और तेल की कीमतों में उछाल के कारण स्पॉट गोल्ड संघर्ष कर रहा है क्योंकि पश्चिम एशिया में स्थिति अस्थिर हो रही है. उन्होंने कहा कि निवेशक सेंट्रल बैंक की मॉनेटरी पॉलिसी के बारे में नए संकेतों के लिए अमेरिकी आर्थिक डेटा का इंतजार कर रहे हैं, जिसमें साप्ताहिक ADP रोजगार और रिचमंड फेड मैन्युफैक्चरिंग इंडेक्स शामिल हैं. सिंह ने कहा कि व्यापारी गुरुवार को न्यूयॉर्क में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और उनके चीनी समकक्ष शी जिनपिंग के बीच होने वाली बैठक पर ध्यान केंद्रित करेंगे, जिसमें ईरान युद्ध पर भी चर्चा होने की संभावना है.