यूरिक एसिड बढ़ना आज के समय में एक आम समस्या बन चुका है। गलत खान-पान, खराब लाइफस्टाइल और शरीर में प्यूरीन (Purine) की अधिक मात्रा इस बीमारी के लिए जिम्मेदार है। अक्सर लोग ब्लड टेस्ट की रिपोर्ट में यूरिक एसिड का लेवल बढ़ा हुआ देखकर घबरा जाते हैं, लेकिन क्या सचमुच यूरिक एसिड का स्तर 7.0 mg/dL से ऊपर जाते ही यह शरीर के लिए गंभीर या जानलेवा स्थिति बन जाता है? हेल्थ एक्सपर्ट के मुताबिक यूरिक एसिड बढ़ने पर जोड़ों और हड्डियों में असहनीय दर्द और सूजन की समस्या शुरू हो सकती है, जिसे समय पर कंट्रोल करना बेहद जरूरी है। हालांकि, दवाओं के साथ-साथ खान-पान में बदलाव करके भी इसे काफी हद तक मैनेज किया जा सकता है।

आयुर्वेदिक एक्सपर्ट और योग गुरु बाबा रामदेव के मुताबिक बढ़े हुए यूरिक एसिड को कंट्रोल करना चाहते हैं तो आप कुछ आयुर्वेदिक उपायों को अपनाएं। कुछ आयुर्वेदिक हर्ब्स ऐसे हैं जो आसानी से ब्लड में यूरिक एसिड के स्तर को कंट्रोल कर सकते हैं। एंटी-इंफ्लेमेटरी गुणों से भरपूर कुछ खास ड्रिंक का सेवन करके जोड़ों के दर्द और सूजन से राहत पाई जा सकती है। आइए एक्सपर्ट से जानते हैं कि हाई यूरिक एसिड का स्तर कंट्रोल करने में कौन-कौन से ड्रिंक का सेवन सहायक हो सकता है।
क्या यूरिक एसिड 7.0 mg/dL से ऊपर जाना वाकई गंभीर है?
यूरिक एसिड 7.0 mg/dL से ऊपर जाना एक अलर्ट मोड है, लेकिन हर मामले में यह तुरंत जानलेवा या अत्यधिक गंभीर नहीं होता। मेडिकल एक्सपर्ट के अनुसार, पुरुषों के लिए यूरिक एसिड की सामान्य सीमा 3.5 से 7.0 mg/dL तक होती है। महिलाओं के लिए 2.5 से 6.0 mg/dLके बीच मानी जाती है। जब यह स्तर 7.0 mg/dL से ऊपर जाता है, तो यूरिक एसिड क्रिस्टल्स के रूप में शरीर में टूटने और जमा होने लगते हैं।
The Lancet और Arthritis & Rheumatology जर्नल में प्रकाशित कई रिसर्च के मुताबिक 7.0 mg/dL से ऊपर यूरिक एसिड वाले लगभग 80% लोगों में शुरुआत में कोई बाहरी लक्षण जैसे दर्द या सूजन नहीं दिखते। इसे ‘एसिम्प्टोमैटिक हाइपरयूरिसीमिया’ कहते हैं। डॉक्टरों के मुताबिक अगर केवल रिपोर्ट में नंबर बढ़ा हुआ है और शरीर में कोई दर्द नहीं है, तो तुरंत हैवी दवाइयों की जरूरत नहीं होती, बल्कि इसे लाइफस्टाइल और डाइट बदलकर ठीक किया जा सकता है।
बाबा रामदेव ने बताएं यूरिक एसिड कंट्रोल करने के लिए आयुर्वेदिक ड्रिंक
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एलोवेरा जूस पिएं
आयुर्वेदिक एक्सपर्ट बाबा रामदेव के अनुसार एलोवेरा जूस यूरिक एसिड कंट्रोल करने में मददगार हो सकता है। इसमें मौजूद एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण जोड़ों की सूजन और दर्द को कम करने में सहायक होते हैं। रोज सुबह खाली पेट आंवला और एलोवेरा जूस का सेवन करने से हड्डियां मजबूत रहती हैं और जोड़ों को आराम मिलता है।
तुलसी, सोंठ और गुड़ का ड्रिंक
तुलसी, सोंठ और गुड़ से बना यह खास ड्रिंक शरीर में जमा टॉक्सिन्स को बाहर निकालने में मदद करता है। तुलसी और सोंठ में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट गुण सूजन और दर्द को कम करने में सहायक होते हैं। सुबह-शाम इसका सेवन करने से यूरिक एसिड लेवल कंट्रोल रखने और जोड़ों को राहत देने में मदद मिल सकती है।
अजवाइन का जूस पिएं
अजवाइन औषधीय गुणों से भरपूर होती है और पाचन को बेहतर बनाने में मदद करती है। इसमें मौजूद तत्व यूरिक एसिड को कंट्रोल करने में सहायक माने जाते हैं। रातभर पानी में भिगोई हुई अजवाइन का पानी सुबह पीने से गैस, एसिडिटी और अपच में राहत मिल सकती है और शरीर डिटॉक्स रहने में मदद मिलती है।
लौकी का जूस पिएं
लौकी का जूस पोटैशियम, कैल्शियम, आयरन और फास्फोरस जैसे पोषक तत्वों से भरपूर होता है। यह शरीर को हाइड्रेट रखने और यूरिक एसिड लेवल को संतुलित करने में मदद कर सकता है। नियमित रूप से लौकी का ताजा जूस पीने से शरीर को ठंडक मिलती है और जोड़ों के दर्द व सूजन में राहत महसूस हो सकती है।
डिस्क्लेमर: यह लेख केवल सामान्य जानकारी और घरेलू उपायों पर आधारित है। यूरिक एसिड, जोड़ों के दर्द या किसी अन्य स्वास्थ्य समस्या की स्थिति में किसी भी उपाय को अपनाने से पहले डॉक्टर या योग्य स्वास्थ्य विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।





