पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने होर्मुज जलडमरूमध्य से जहाजों को सुरक्षित निकालने के उद्देश्य से चलाए जा रहे प्रोजेक्ट फ्रीडम अभियान को स्थगित करने की घोषणा के लिए अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का आभार व्यक्त किया। ह कदम ऐसे समय आया है जब वाशिंगटन और तेहरान कथित तौर पर तनाव कम करने और चल रही शत्रुता को समाप्त करने के लिए संभावित समझौते की दिशा में प्रगति कर रहे हैं। बयान में शरीफ ने ट्रंप के साहसी नेतृत्व की प्रशंसा की और इस निर्णय को समयोचित बताते हुए कहा कि इससे क्षेत्रीय शांति और स्थिरता में योगदान मिलेगा। उन्होंने कहा कि यह स्थगन पाकिस्तान और सऊदी अरब सहित अन्य देशों के अनुरोधों के बाद किया गया है। किस्तानी प्रधानमंत्री ने संवाद के माध्यम से संघर्षों के समाधान के उद्देश्य से किए जा रहे राजनयिक प्रयासों का समर्थन करने के लिए अपने देश की प्रतिबद्धता को दोहराया। उन्होंने आशा व्यक्त की कि संयुक्त राज्य अमेरिका और ईरान के बीच चल रही बातचीत से एक स्थायी शांति समझौता होगा।
इसे भी पढ़ें:

शहबाज ने कहा कि पाकिस्तान संयम को बढ़ावा देने और संवाद एवं कूटनीति के माध्यम से संघर्षों के शांतिपूर्ण समाधान के सभी प्रयासों का समर्थन करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने उम्मीद जताई कि मौजूदा स्थिति में एक स्थायी समझौता होगा, जो क्षेत्र और उससे परे, स्थायी शांति और स्थिरता सुनिश्चित करेगा। इसके अलावा, शहबाज ने उम्मीद जताई कि अमेरिका और ईरान के बीच वार्ता से स्थायी शांति स्थापित होगी। उन्होंने ये बातें इस्लामाबाद में आयोजित छठे अंतरराष्ट्रीय पैगाम-ए-इस्लाम सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहीं। शहबाज ने पाकिस्तान के मध्यस्थता प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि ‘‘इन्हीं प्रयासों से दोनों पक्षों के बीच वार्ता के द्वार खुले।
इसे भी पढ़ें:
उन्होंने विश्वास जताया कि यह वार्ता जल्द ही क्षेत्र में जानमाल के किसी और नुकसान के बिना स्थायी शांति का मार्ग प्रशस्त करेगी। अपने संबोधन में शहबाज ने पाकिस्तान आने के लिए अमेरिका और ईरान का आभार व्यक्त किया। उन्होंने अमेरिका और ईरान के बीच शांति वार्ता में भूमिका निभाने के लिए सऊदी अरब, चीन और तुर्किये का भी आभार जताया।
Khabar Monkey





