मानसून के मौसम में कार मालिकों को अक्सर एक परेशानी का सामना करना पड़ता है. कई बार तेज बारिश या पानी वाली सड़कों से गुजरने के बाद कार अचानक स्टार्ट होने में दिक्कत करने लगती है. ऐसी स्थिति में लोग तुरंत मैकेनिक के पास जाने की सोचते हैं, लेकिन कई छोटी समस्याओं को आप खुद भी जांच सकते हैं. सही समय पर समस्या का पता चल जाए तो बड़ी खराबी और महंगे खर्च से बचा जा सकता है.

सबसे पहले बैटरी की जांच करें
स्टार्ट न होने पर सबसे पहले बैटरी को चेक करना चाहिए. बारिश के कारण बैटरी के टर्मिनल पर नमी जमा हो सकती है या जंग लग सकती है. इसके अलावा, अगर बैटरी कनेक्शन ढीला है तो भी कार स्टार्ट होने में परेशानी आ सकती है. टर्मिनल को साफ करें और देखें कि कनेक्शन सही तरीके से जुड़े हुए हैं या नहीं.
स्पार्क प्लग पर दें ध्यान
पेट्रोल कारों में इंजन स्टार्ट करने में अहम भूमिका निभाते हैं. बारिश के दौरान ज्यादा नमी या पानी की वजह से स्पार्क प्लग गीले हो सकते हैं. इससे इंजन को स्टार्ट होने में परेशानी आती है. अगर संभव हो तो स्पार्क प्लग को साफ और सूखा करके दोबारा जांच करें.
एयर फिल्टर जरूर देखें
अगर कार पानी वाली सड़क से गुजरी है और एयर फिल्टर में पानी चला गया है, तो इंजन को पर्याप्त हवा नहीं मिल पाती. इससे कार स्टार्ट होने में दिक्कत आ सकती है. इसलिए एयर फिल्टर की स्थिति जरूर जांचें और ज्यादा खराब होने पर इसे बदल देना बेहतर होता है.
वायरिंग और फ्यूज की जांच करें
बारिश के कारण कार के इलेक्ट्रिकल सिस्टम में नमी आ सकती है. कई बार वायरिंग कनेक्शन ढीले होने या फ्यूज खराब होने से भी कार स्टार्ट नहीं होती. इसलिए जरूरी वायर और फ्यूज को ध्यान से चेक करें.
इंजन में पानी जाने पर न करें जल्दबाजी
अगर कार गहरे पानी से होकर गुजरी है और आपको शक है कि इंजन में पानी चला गया है, तो बारबार स्टार्ट करने की कोशिश न करें। इससे इंजन को गंभीर नुकसान पहुंच सकता है. ऐसी स्थिति में विशेषज्ञ की मदद लेना बेहतर विकल्प है.
बारिश के मौसम में कार को सूखी जगह पार्क करें और समयसमय पर बैटरी, वायरिंग और अन्य जरूरी हिस्सों की जांच कराते रहें. थोड़ी सावधानी रखकर आप अपनी कार को सुरक्षित रख सकते हैं और अचानक आने वाली परेशानियों से बच सकते हैं.