शेयर बाजार में निवेश करने वालों के लिए ओला इलेक्ट्रिक (Ola Electric) का स्टॉक इन दिनों चर्चा का विषय बना हुआ है. पिछले कुछ महीनों से लगातार गिरावट का सामना कर रहे इस शेयर ने अब जोरदार वापसी की है. 29 मई 2026 को शेयर बाजार बंद होते समय यह स्टॉक करीब 6 फीसदी उछलकर 41.57 रुपये पर पहुंच गया. महज दो दिन में इस शेयर ने 14 फीसदी की छलांग लगाई है, जबकि पिछले छह कारोबारी सत्रों का हिसाब देखें, तो यह करीब 20 फीसदी चढ़ चुका है.

अगर हम थोड़ा पीछे मुड़कर देखें, तो 2 मार्च 2026 को शेयर 21.21 रुपये के अपने 52-हफ्तों के सबसे निचले स्तर पर था. तब से अब तक इसने 102 फीसदी का बंपर रिटर्न दिया है. अगर किसी निवेशक ने मार्च की शुरुआत में इस शेयर में 50 हजार रुपये लगाए होते, तो आज उसकी रकम बढ़कर एक लाख रुपये हो चुकी होती. आखिर इस सुस्त पड़े शेयर में अचानक इतनी जान कैसे आ गई? आइए, समझते हैं.
घाटे में कमी के साथ सुधरी ग्राहकों की सर्विस
बाजार में किसी भी कंपनी का शेयर तभी दौड़ता है, जब उसकी वित्तीय सेहत में सुधार के संकेत मिलते हैं. मार्च 2026 तिमाही के नतीजों ने ओला के निवेशकों को बड़ी राहत दी है. कंपनी की कुल कमाई भले ही 611 करोड़ रुपये से घटकर 265 करोड़ रुपये रह गई हो, लेकिन सबसे बड़ी सकारात्मक बात यह रही कि शुद्ध घाटा 870 करोड़ रुपये से कम होकर 500 करोड़ रुपये पर आ गया है. इसके अलावा, कंपनी का ऑपरेटिंग कैश फ्लो पहली बार पॉजिटिव हुआ है.
वित्तीय सुधार के साथ-साथ कंपनी ने अपनी आफ्टर-सेल्स सर्विस सुधारने पर भी आक्रामक तरीके से काम किया है. बीते कुछ समय से ग्राहकों की शिकायतों के कारण गाड़ियों की बिक्री प्रभावित हो रही थी. मैनेजमेंट के अनुसार, अक्टूबर 2025 से मार्च 2026 के बीच सर्विस में लगने वाले समय (टर्नअराउंड टाइम) में 88 फीसदी की बड़ी गिरावट आई है. लंबित शिकायतों का अंबार भी तेजी से कम हुआ है, जिससे बाजार में ग्राहकों का भरोसा लौट रहा है.
टू-व्हीलर की मांग बाजार में फिर से रफ्तार पकड़ रही है
ओला इलेक्ट्रिक के टू-व्हीलर की मांग बाजार में फिर से रफ्तार पकड़ रही है. कंपनी ने चालू तिमाही (जून) के लिए 40,000 से 45,000 इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर बेचने का अनुमान जताया है. रजिस्ट्रेशन के आंकड़े भी इस लक्ष्य का पूरा समर्थन कर रहे हैं. अप्रैल के महीने में 12,206 यूनिट का रजिस्ट्रेशन हुआ, जबकि 28 मई तक 12,790 यूनिट दर्ज की गईं. इस तरह मौजूदा तिमाही में अब तक करीब 25,000 से ज्यादा गाड़ियां बिक चुकी हैं. बिक्री का यह स्थिर मोमेंटम निवेशकों का विश्वास मजबूत कर रहा है.
बैटरी गीगाफैक्टरी पर काम कर रही कंपनी
भविष्य की मांग और चुनौतियों से निपटने के लिए कंपनी अपनी उत्पादन क्षमता बढ़ाने पर लगातार ध्यान केंद्रित कर रही है. शेयरधारकों को दी गई जानकारी के मुताबिक, ओला की बैटरी गीगाफैक्टरी अब अपने विस्तार के अगले चरण में पहुंच गई है. वित्त वर्ष 2027 तक व्यावसायिक बैटरी निर्माण क्षमता को 6 GWh तक पहुंचाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है.
इसके अलावा, कंपनी अपने ऑपरेशंस में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का भरपूर इस्तेमाल कर रही है. वर्तमान में ओला का AI सिस्टम हर दिन करीब दो लाख कनेक्टेड कॉल्स को संभाल रहा है. इसका सीधा उपयोग सेल्स, सर्विसिंग से जुड़ी गतिविधियों में हो रहा है, जिससे कामकाज पहले से ज्यादा तेज और पारदर्शी हुआ है.
Khabar Monkey
रिकॉर्ड स्तर से अब भी काफी दूर है शेयर
- IPO प्राइस से नीचे: हालिया तेजी के बाद भी यह स्टॉक अपने 76 रुपये के आईपीओ (IPO) प्राइस से काफी नीचे ट्रेड कर रहा है.
- रिकॉर्ड हाई से दूरी: लिस्टिंग के समय इस शेयर ने 157 रुपये का रिकॉर्ड हाई बनाया था, जहां से मौजूदा कीमत बहुत कम है. पिछले एक साल के ओवरऑल प्रदर्शन पर नजर डालें, तो स्टॉक अभी भी लगभग 22 फीसदी के नुकसान में है.
- मार्जिन का दबाव: आगे चलकर कच्चे माल की बढ़ती कीमतों के कारण वित्त वर्ष 2027 की पहली छमाही में कंपनी के ग्रॉस मार्जिन पर दबाव देखने को मिल सकता है.
Disclaimer: ये आर्टिकल सिर्फ जानकारी के लिए है और इसे किसी भी तरह से इंवेस्टमेंट सलाह के रूप में नहीं माना जाना चाहिए. TV9 भारतवर्ष अपने पाठकों और दर्शकों को पैसों से जुड़ा कोई भी फैसला लेने से पहले अपने वित्तीय सलाहकारों से सलाह लेने का सुझाव देता है.





