britannia good day biscut: मिडिल क्लास फैमिली का पसंदीदा ‘गुड डे’ (Good Day) बिस्किट अब महंगा होने जा रहा है. दिग्गज एफएमसीजी कंपनी ब्रिटानिया इंडस्ट्रीज (Britannia) ने अपने सबसे ज्यादा पसंद किये जाने वाले ब्रांड ‘गुड डे’ (Good Day) के फैमिली पैक की कीमत में सीधे 10 रुपये की बढ़ोतरी करने का फैसला किया है. एनडीटीवी में प्रकाशित खबर के अनुसार सूत्रों के हवाले से बताया गया कि कंपनी के अलग-अलग वेरिएंट्स के बड़े पैकेट नई कीमत के साथ बाजार में मिलेंगे. इसके तहत पिस्ता बादाम का 526 ग्राम वाला पैक अब 140 रुपये में मिलेगा. दूसरी तरफ बटर फैमिली पैक के लिए अब 120 रुपये और काजू फैमिली पैक के लिए आपको 130 रुपये का भुगतान करना होगा.
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कंपनी की तरफ से कीमतों में की गई इस बढ़ोतरी का कारण कच्चे माल (कमोडिटी) की बढ़ती कीमतें और पैकेजिंग कॉस्ट में आया उछाल है. हालांकि, राहत की बात यह है कि कम कीमत वाले यानी 5 रुपये और 10 रुपये वाले छोटे पैकेट की कीमत में कोई सीधा इजाफा नहीं किया जाएगा. इसके बजाय कंपनी छोटे पैकेट्स का वजन (ग्राम) कम करने के प्लान पर काम कर रही है. हाल ही में अपनी अर्निंग्स कॉल के दौरान कंपनी की तरफ से साफ किया गया था कि कॉस्ट के प्रेशर से निपटने के लिए वह चुनिंदा प्रोडक्ट के दाम बढ़ाएगी. इसमें छोटे पैक्स के वजन में कटौती और 10 रुपये से ऊपर के पैकेट की कीमत में बढ़ोतरी शामिल है.
3500 करोड़ का रेवेन्यू देता है ‘गुड डे’
ब्रिटानिया के लिए यह फैसला बेहद अहम है क्योंकि कंपनी की कुल कमाई का करीब 70 से 75 प्रतिशत हिस्सा अकेले बिस्कुट सेगमेंट से आता है. इसमें भी ‘गुड डे’ ब्रांड की हिस्सेदारी सबसे ज्यादा है, यह अकेले करीब 3,500 करोड़ रुपये का रेवेन्यू देता है. कंपनी को बिस्कुट से मिलने वाले कुल रेवेन्यू में ‘गुड डे’ की हिस्सेदारी करीब 25 प्रतिशत है. इसके साथ ही यह ब्रांड कंपनी को 18 से 20 प्रतिशत का EBITDA मार्जिन भी देता है. इससे जिससे कंपनी के लिए इसकी अहमियत और बढ़ जाती है.
कंपनी का रेवेन्यू सालाना बेस पर 6.5 प्रतिशत बढ़ा
दाम बढ़ाने की खबर कंपनी की चौथी तिमाही के मिले-जुले नतीजों के बीच आई है. कंपनी का रेवेन्यू सालाना आधार पर 6.5 प्रतिशत बढ़कर 4,719 करोड़ रुपये रहा. लेकिन कामकाजी मुनाफा अनुमान से कम रहा है. एड और बाकी का खर्च बढ़ने से मार्जिन पर दबाव देखा गया. हालांकि कंपनी का नेट प्रॉफिट 21.1 प्रतिशत बढ़कर 678 करोड़ रुपये पर पहुंच गया है. जनवरी और फरवरी में कंपनी की ग्रोथ 9 प्रतिशत की रफ्तार से चल रही थी. लेकिन मार्च में वेस्ट एशिया के संकट के चलते सप्लाई चेन बाधित हुई.
इसके बाद समुद्री माल भाड़ा, ईंधन की लागत बढ़ गई और इसका सीधा असर बिजनेस पर पड़ा. इसके बावजूद, क्विक कॉमर्स और डिजिटल ब्रांड्स की बदौलत कंपनी की ऑनलाइन बिक्री में शानदार तेजी देखी जा रही है.





