सोमवार, 26 अक्टूबर 2026 ब्रेकिंग
Aiden Markram को भरोसा, Australia को हराकर लगातार दूसरे WTC Final में पहुंचेगा South Africa​ | बच्चों में क्या होते हैं प्रदूषण के खतरनाक लक्षण, कैसे करें बचाव, डॉक्टर से जानें​ | भुवनेश्वर कुमार के बचाव में उतरे कोच Morne Morkel, T20 में दबाव छोड़कर खेलने की दी सलाह​
दिल्ली 32°C ☀️ |
728 x 90 Advertisement
विज्ञापन
728 x 90 Advertisement
Viral

सुप्रीम कोर्ट ने यूपी पुलिस पर लगाया 6 लाख का जुर्माना, कहा- अधिकारियों को जांच की ट्रेनिंग देने की जरूरत​

सुप्रीम कोर्ट ने यूपी पुलिस पर 6 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है. मामला यूपी के आगरा जिले से जुड़ा है. यहां एक शख्स को हत्या और सबूत मिटाने के आरोप में 6 साल तक बिना ठोस सबूत के जेल में रखा गया. सुनवाई के दौरान कोर्ट ने पुलिस की कार्रवाई को गलत ठहराया. कोर्ट […]

सुप्रीम कोर्ट ने यूपी पुलिस पर 6 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है. मामला यूपी के आगरा जिले से जुड़ा है. यहां एक शख्स को हत्या और सबूत मिटाने के आरोप में 6 साल तक बिना ठोस सबूत के जेल में रखा गया. सुनवाई के दौरान कोर्ट ने पुलिस की कार्रवाई को गलत ठहराया. कोर्ट ने इस दौरान कहा कि यूपी पुलिस को जांच करने की ट्रेनिंग देने की जरूरत है.

क्या है पूरा मामला?

एडवोकेट ऑन रिकॉर्ड कार्तिकेय भार्गव की ओर से पेश याचिका के मुताबिक यह केस अरुण उर्फ दीपक बनाम उत्तर प्रदेश राज्य का है. अरुण को आगरा जिले के अछनेरा थाने में दर्ज एक केस में 14 नवंबर 2019 से हिरासत में रखा गया था. केस में अपहरण, हत्या और सबूत मिटाने के आरोप लगाए गए थे.

यह मामला शुरू में बेल पिटिशिन से संबंधित था. सुनवाई के दौरान सर्वोच्च अदालत ने पाया कि मामले में बिना किसी सबूत के अरुण को 6 साल तक जेल में रखा गया है. कोर्ट ने इसे अन्याय बताया.

अपने फैसले में कोर्ट ने कहा कि युवक का 6 साल बर्बाद हो गया, इसे वापस कैसे किया जा सकता है? इसके बाद कोर्ट ने यूपी पुलिस पर 6 लाख का जुर्माना लगाया.

विज्ञापन
728 x 90 Advertisement
शेयर करें:
Author Bio Pic

संपादकीय टीम

खबर मंकी की अनुभवी एडिटोरियल डेस्क। हमारे लेखक और संपादक दिन-रात निष्पक्ष, सटीक और तीव्र समाचार आप तक पहुँचाने के लिए काम करते हैं।

🐒 KHABAR MONKEY