साल 2026 के नोबेल पुरस्कारों का शंखनाद हो चुका है. सबसे पहले चिकित्सा के लिए नोबेल पुरस्कार की घोषणा पांच अक्तूबर को हुई. यह संयुक्त रूप से कार्ल डाइसेरोथ, पीटर हेगेमैन तथा जार्ज नागेल को दिया गया है. तय कार्यक्रम के मुताबिक आज यानी छह अक्तूबर को भौतिकी का नोबेल घोषित होगा. सात अक्तूबर को रसायन विज्ञान, आठ अक्तूबर को साहित्य, नौ अक्तूबर को शांति तथा 12 अक्तूबर को अर्थशास्त्र का नोबेल पुरस्कार घोषित किया जाएगा.

अर्थशास्त्र के नोबेल पुरस्कार को लेकर कई बार सवाल खड़ा किया गया.दरअसल, अल्फ्रेड नोबेल ने अपनी वसीयत में पांच क्षेत्रों के लिए पुरस्कार तय किए थे. भौतिकी, रसायन विज्ञान, शरीर क्रिया विज्ञान या चिकित्सा, साहित्य और शांति. उन्होंने अर्थशास्त्र का कोई पुरस्कार नहीं लिखा था.
कहां से आया अर्थशास्त्र का नोबेल?
अर्थशास्त्र का नोबेल पुरस्कार बाद में स्वीडन के केंद्रीय बैंक, स्वेरिग्स रिक्सबैंक ने शुरू किया. यही इसकी बुनियादी ऐतिहासिक वजह है कि कुछ लोग इसे असली नोबेल से अलग बताते हैं. सच्चाई यह है की अर्थशास्त्र का पुरस्कार प्रतिष्ठित और नोबेल पुरस्कारों से पूरी तरह जुड़ा हुआ है. लेकिन सच यह भी है कि यह अल्फ्रेड नोबेल की वसीयत में शामिल नहीं था.
अर्थशास्त्र के लिए दिए जाने वाले पुरस्कार का नाम अल्फ्रेड नोबेल की स्मृति में अर्थशास्त्र का स्वेरिग्स रिक्सबैंक पुरस्कार या अंग्रेजी में The Sveriges Riksbank Prize in Economic Sciences in Memory of Alfred Nobel है.
हर वर्ष पुरस्कार दिए जाने की संख्या अलग विषय है. किसी वर्ष कोई पुरस्कार न दिया जाए, या किसी पुरस्कार को कई विजेताओं में बांटा जाए, तो श्रेणियों की मूल संख्या नहीं बदलती.
नोबेल प्राइज.
इसे नोबेल पुरस्कारों के साथ क्यों जोड़ा जाता है?
इसकी वजह साफ है. स्वेरिग्स रिक्सबैंक ने साल 1968 में अर्थशास्त्र के पुरस्कार की स्थापना की. यह बैंक की 300वीं वर्षगांठ के अवसर पर किया गया था. बैंक ने इसके लिए नोबेल फाउंडेशन को दान दिया. पुरस्कार की राशि भी बैंक ही देता है. पहला पुरस्कार साल 1969 में दिया गया. इस पुरस्कार को नोबेल पुरस्कारों जैसी ही चयन प्रक्रिया और प्रतिष्ठा मिली.
विजेताओं का चुनाव रॉयल स्वीडिश एकेडमी ऑफ साइंसेज़ ही करती है. पुरस्कार समारोह भी नोबेल पुरस्कार समारोहों के साथ होता है. इसका नाम भी अल्फ्रेड नोबेल की स्मृति को सम्मान से जुड़ा है. इसलिए आम बातचीत में इसे अक्सर अर्थशास्त्र का नोबेल कहा जाता है. लेकिन औपचारिक नाम में अल्फ्रेड नोबेल की स्मृति में शब्द दर्ज है. यही नाम साफ करता है कि यह वसीयत के मूल पुरस्कारों में नहीं था.
इसलिए यह कहना ठीक होगा कि अर्थशास्त्र का पुरस्कार नोबेल से संबंधित और उसी परंपरा में दिया जाने वाला पुरस्कार है, लेकिन अल्फ्रेड नोबेल की वसीयत में तय किया गया मूल पुरस्कार नहीं. इसे नकली या महत्वहीन पुरस्कार कहना कतई अनुचित होगा. अंतर सिर्फ इसकी शुरुआत और कानूनीऐतिहासिक आधार का है.
BREAKING NEWS
The Royal Swedish Academy of Sciences has decided to award the 2025 Sveriges Riksbank Prize in Economic Sciences in Memory of Alfred Nobel to Joel Mokyr, Philippe Aghion and Peter Howitt for having explained innovationdriven economic growth with one half to Mokyr for having identified the prerequisites for sustained growth through technological progress and the other half jointly to Aghion and Howitt for the theory of sustained growth through creative destruction.#NobelPrize
— The Nobel Prize October 13, 2025
नोबेल पुरस्कार कौन देता है?
नोबेल पुरस्कारों के अलगअलग क्षेत्रों के लिए अलग संस्थाएं जिम्मेदार हैं. भौतिकी और रसायन विज्ञान के पुरस्कार रॉयल स्वीडिश एकेडमी ऑफ साइंसेज़ देती है. यही संस्था अर्थशास्त्र के पुरस्कार भी देती है. शरीर क्रिया विज्ञान या चिकित्सा का पुरस्कार कारोलिंस्का इंस्टीट्यूट की नोबेल असेंबली देती है. साहित्य का पुरस्कार स्वीडिश अकादमी देती है.
शांति पुरस्कार नॉर्वेजियन नोबेल समिति देती है. शांति पुरस्कार बाकी पुरस्कारों से एक तरह से अलग है. इसका चयन नॉर्वे की समिति करती है और यह पुरस्कार ओस्लो में दिया जाता है. दूसरे पुरस्कार स्टॉकहोम में दिए जाते हैं. पुरस्कार देने वाली संस्थाएँ विजेताओं का चयन करती हैं. नोबेल फाउंडेशन पुरस्कारों की व्यवस्था और अल्फ्रेड नोबेल की वसीयत से जुड़े वित्तीय प्रबंधों की जिम्मेदारी निभाता है.
नोबेल पुरस्कारों की शुरुआत कब हुई?
अल्फ्रेड नोबेल ने 27 नवंबर 1895 को अपनी अंतिम वसीयत पर हस्ताक्षर किए. उसमें उन्होंने अपनी संपत्ति के बड़े हिस्से से एक कोष बनाने की बात कही. उस कोष से मिलने वाली आय के जरिए उन लोगों को पुरस्कार देने का निर्देश था, जिनके काम से मानवता को लाभ हुआ हो. उनकी वसीयत में पांच क्षेत्र शामिल थे. भौतिकी, रसायन विज्ञान, चिकित्सा, साहित्य और शांति. नोबेल फाउंडेशन की स्थापना 1900 में हुई. मूल पाँच श्रेणियों के पहले पुरस्कार 1901 में दिए गए. अर्थशास्त्र का पुरस्कार इससे बहुत बाद में आया. स्वेरिग्स रिक्सबैंक ने इसे साल 1968 में स्थापित किया और पहला पुरस्कार 1969 में दिया गया.
अब तक अर्थशास्त्र के लिए कितने पुरस्कार दिए गए हैं?
नोबेल पुरस्कार की आधिकारिक वेबसाइट के अनुसार, 1969 से 2025 तक अर्थशास्त्र के पुरस्कार 57 बार दिए गए हैं. यह पुरस्कार अब तक कुल 99 लोगों को मिल चुका है. एक पुरस्कार कभी एक व्यक्ति को, तो कभी दो या तीन लोगों को साझा रूप से दिया जाता है. इसलिए पुरस्कारों की संख्या और विजेताओं की संख्या अलग है. यहाँ 57 बार का मतलब 57 अलग पुरस्कार वर्ष हैं. इसका मतलब यह नहीं कि केवल 57 लोगों को पुरस्कार मिला. साल 2025 तक कुल विजेताओं की संख्या 99 थी.
नकलीअसली का विवाद कहां से उठा?
असल में अल्फ्रेड नोबेल के भाई लुडविंग के परपोते पीटर नोबेल ने अपने जीवन काल में अर्थशास्त्र के नोबेल के खिलाफ कुछ तथ्य रखे थे. उनका कहना था कि यह मूल वसीयत का हिस्सा नहीं है. यह उनके परबाबा की सोच के विपरीत है. उनके मुताबिक अल्फ्रेड उन लोगों को नापसंद करते थे जो समाज कल्याण से ज्यादा लाभ या व्यापार को महत्व देते थे.
वे मानते थे कि उनके परिवार के नाम का दुरुपयोग है. यह सारे तथ्य दुनिया के सामने रखने वाले पीटर खुद एक मशहूर वकील थे. वे स्वीडिश रेडक्रॉस के सचिव भी रहे. इसी साल 26 मई को 94 वर्ष की उम्र में उन्होंने दुनिया को अलविदा कहा. जब भी नोबेल पुरस्कारों की घोषणा का समय आता है, तब पीटर का पुराना बयान सुर्खियों में होता है.
इस तरह यह कहना ठीक नहीं होगा कि अर्थशास्त्र का पुरस्कार असली नोबेल नहीं है या नकली है. हां, अगर मतलब अल्फ्रेड नोबेल की वसीयत में दर्ज मूल पुरस्कार से है, तो अर्थशास्त्र का पुरस्कार उनमें शामिल नहीं था. अगर मतलब नोबेल परंपरा से जुड़े प्रतिष्ठित पुरस्कार से है, तो यह उसी व्यापक व्यवस्था का हिस्सा है और इसकी चयन प्रक्रिया भी नोबेल संस्थाओं से जुड़ी है. याद रखने के लिए तीन बातें काफी हैं. मूल नोबेल पुरस्कारों की शुरुआत 1901 में हुई. अर्थशास्त्र का पुरस्कार 1969 से दिया जा रहा है. साल 2025 तक अर्थशास्त्र के लिए 57 पुरस्कार 99 लोगों को मिले हैं. अल्फ्रेड की वसीयत में पांच पुरस्कारक्षेत्र थे, जबकि अर्थशास्त्र बाद में जोड़ा गया.
- अर्थशास्त्र का पहला नोबेल साल 1969 में संयुक्त रूप से नार्वे के रैगनर फ्रिश तथा नीदरलैंड के जान टिन बरगेन को दिया गया.
- शांति का पहला नोबेल पुरस्कार साल 1901 में संयुक्त रूप से स्विट्जरलैंड के हेनरी और फ्रांस के फ्रेडरिक को मिला था.
- भौतिकी का पहला नोबेल साल 1901 में जर्मन विज्ञानी विल्हेम कॉनराड को दिया गया.
- चिकित्सा का पहला नोबेल साल 1901 में जर्मन वैज्ञानिक एमिल एडोल्फ़ वान बेहरिंग को दिया गया.
- रसायन का पहला नोबल पुरस्कार साल 1901 में sनीदरलैंड के वैज्ञानिक जैकोबस हेनरिकस वैन टी हॉफ को दिया गया था.
- साहित्य का पहला नोबेल पुरस्कार आल 1901 में फ्रांस के कवि, निबंधकार सुली पृधोम को मिला था.