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45 की उम्र के बाद महिलाएं को जरूर खानी चाहिए ये 3 चीजें, सेलिब्रिटी न्यूट्रिशनिस्ट ने बताया

खुद को फिट रखने के लिए लोग हेल्दी डाइट और एक्सरसाइज करते हैं. लेकिन एक उम्र के बाद शरीर में कई बदलाव आने लगते हैं. खासतौर पर महिलाओं के साथ. 45 की उम्र के बाद महिलाओं में हार्मोनल चैंजेस से लेकर हड्डियां कमजोर होना और मेटाबॉल्जिम स्लो होने जैसी समस्याएं देखने को मिलती हैं. खासकर मोनोपॉज के आसपास शरीर को पहले से ज्यादा पोषण की जरूरत होती है, क्योंकि इस समय कैल्शियम, आयरन और विटामिन्स की कमी तेजी से होने लगती है. अगर इस उम्र में खानपान का सही ध्यान न रखा जाए, तो थकान, वजन बढ़ना, जोड़ों में दर्द और स्किन से जुड़ी समस्याएं आम हो जाती हैं.

45 की उम्र के बाद महिलाएं को जरूर खानी चाहिए ये 3 चीजें, सेलिब्रिटी न्यूट्रिशनिस्ट ने बताया
45 की उम्र के बाद महिलाएं को जरूर खानी चाहिए ये 3 चीजें, सेलिब्रिटी न्यूट्रिशनिस्ट ने बताया

ऐसे में हेल्दी और बैलेंस डाइट अपनाना बेहद जरूरी हो जाता है. सेलिब्रिटी न्यूट्रिशनिस्ट श्वेता शाह ने हाल ही में एक पोस्ट शेयर कर बताया है कि, 45 उम्र पार करने के बाद उन्होंने अपनी डाइट में 3 चीजों को एड किया, जिन्हें वो रोजाना खाना खाती हैं. ये हार्मोस को बैलेंस रखता है, हड्डियां मजबूत होती हैं और कई समस्याओं से राहत मिलती है. चलिए इस आर्टिकल में आपको भी बताते हैं कौन सी हैं वो 3 चीजें, जिन्हें हर 45 साल की उम्र वाली महिलाओं को अपनी डाइट में शामिल करना चाहिए.

45 की उम्र के बाद शरीर में क्या होते हैं बदलाव?

न्यूट्रिशनिस्ट श्वेता शाह के मुताबिक, 45 की उम्र के बाद महिलाओं के शरीर में कई बदलाव होने शुरु हो जाते हैं. जैसे इस उम्र में शरीर के हार्मोन ऊपर-नीचे होने लगते हैं, पाचन क्रिया धीमी पड़ जाती है, अचानक गर्मी लगना (हॉट फ्लैशेज) जैसी समस्या महसूस होती है, शरीर में सूजन बढ़ सकती है और मांसपेशियों व हड्डियों को पहले से ज्यादा सहारे और पोषण की जरूरत होती है.

1 खजूर के साथ घी

एक्सपर्ट बताती हैं कि वो रोजाना 1 खजूर के साथ घी लेना नहीं भूलती हैं. उनके मुताबिक, ये एनर्जी को बूस्ट करने में मदद करता है और हार्मोनल इंबैलेंस को भी सपोर्ट करता है. खजूर वैसे भी पोषक तत्वों को खजाना माना जाता है. ऐसे में इसे अपनी डाइट में जरूर शामिल करें.

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जीरा और सौंफ का पानी

जीरा और सौंफ का पानी भी सेहत के लिए काफी अच्छा माना जाता है. इसे भी आपको अपनी डाइट में शामिल करना चाहिए. जीरा और सौंफ का पानी रोजाना खाली पेट पीने से डाइजेशन बेहतर होता है और ब्लोटिंग जैसी समस्याओं से राहत दिलाने में भी मदद करता है.

रोस्ट किए हुए तिल

तिल कैल्शियम का बेहतरीन स्त्रोत माना जाता है, जो हड्डियों को मजबूत बनाने के लिए बेहद जरूरी है. इसके अलावा इसमें आयरन, मैग्नीशियम, फास्फोरस समेत कई जरूरी पोषक तत्व पाए जाते हैं. रोजाना तिल को भूनकर खाने से हड्डियों को मजबूत बनाने और ज्वाइंट पेन से राहत मिलती है.

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