HealthViral

कश्मीर या हिमाचल नहीं…भारत में ‘कीवी’ का गढ़ है ये जगह, यहां पहुंचना भी आसान

कीवी अब सिर्फ विदेशी फल नहीं बल्कि भारत में भी खूब खाया जाने लगा है. ये फल अपने पोषक तत्वों और फायदों के लिए जाना जाता है. यह विटामिन C, फाइबर, पोटेशियम और एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर होता है, जो इम्यूनिटी बढ़ाने से लेकर हार्ट हेल्थ और खून बढ़ाने में भी मदद करती है. लेकिन बहुत कम ही लोग जानते है कि कीवी को भारत के किस हिस्से में उगाया जाता है. क्योंकि आमतौर पर जब भी कीवी की खेती की बात आती है तो लोगों के दिमाग में हिमाचल या फिर कश्मीर ही आता है. लेकिन आपको जानकर हैरानी होगी की कीवी कश्मीर या हिमाचल नहीं बल्कि नॉर्थ के एक हिस्से में उगती है.

कश्मीर या हिमाचल नहीं…भारत में ‘कीवी’ का गढ़ है ये जगह, यहां पहुंचना भी आसान
कश्मीर या हिमाचल नहीं…भारत में ‘कीवी’ का गढ़ है ये जगह, यहां पहुंचना भी आसान

खास बात यह है कि यहां न सिर्फ बड़े पैमाने पर कीवी की खेती होती है, बल्कि देशभर में सप्लाई होने वाले बेहतरीन कीवी फलों का बड़ा हिस्सा भी यहीं से आता है. चलिए इस आर्टिकल में आपको भी बताते हैं कि भारत में कीवी का गढ़ कौन सा शहर है और वहां पहुंचना कितना आसान है.

भारत में कहां है कीवी का गढ़?

वैसे तो कीवी का गढ़ न्यूजीलैंड है. लेकिन भारत में अरुणालचल प्रदेश में सबसे ज्यादा कीवी उगाई जाती है. जी हां, यही वो जगह है जहां कीवी की खेती की जाती है और पूरे देश में सप्लाई होती है. दिलचस्प बात यह है कि यह जगह अपनी प्राकृतिक खूबसूरती, हरियाली और शांत वातावरण के लिए भी मशहूर है. यहां की जलवायु कीवी की खेती के लिए इतनी अनुकूल मानी जाती है कि किसानों ने पारंपरिक खेती छोड़कर अब बड़े स्तर पर कीवी उत्पादन शुरू कर दिया है. पिछले कुछ वर्षों में यहां के कीवी की मांग देश के कई बड़े शहरों तक पहुंच चुकी है. स्वाद, गुणवत्ता और प्राकृतिक तरीके से तैयार होने की वजह से यहां का कीवी लोगों को काफी पसंद आती है.

अरुणालचल प्रदेश में कैसे होती है कीवी की खेती?

कीवी उगाने के लिए तापमान न ज्यादा गर्म और न ज्यादा ठंडा चाहिए होता है. अरुणाचल प्रदेश का तापमान इसके लिए परफेक्ट माना जाता है. यहां पर कीवी की खेती पहाड़ी इलाकों में की जाती है. यहां के किसान सबसे पहले अच्छी जल निकासी वाली मिट्टी का चुनते है. पौधों को लकड़ी और तार के सहारे बेल की तरह ऊपर बढ़ाया जाता है, ताकि उन्हें पर्याप्त धूप और हवा मिल सके. कीवी की खेती में नियमित सिंचाई, जैविक खाद और समय-समय पर छंटाई का खास ध्यान रखा जाता है. इसके बाद ही निकलती है अच्छी क्वालिटी की कीवी.

कीवी के फायदे और न्यूट्रिशन

कीवी पोषक तत्वों से भरपूर होती है. , इसमें फाइबर, पोटैशियम, फोलेट और कई तरह के एंटीऑक्सीडेंट पाए जाते हैं, जो शरीर को अंदर से मजबूत बनाने में मदद करते हैं. 100 ग्राम कीवी में लगभग 60 से 65 कैलोरी, 3 ग्राम फाइबर और भरपूर मात्रा में विटामिन C मौजूद होता है. यही वजह है कि इसे इम्यूनिटी बढ़ाने वाला सुपरफूड भी कहा जाता है. इसमें एक्टिनिडिन नाम का एंजाइम भी होता है, जो भोजन को पचाने के प्रोसेस को बेहतर बनाता है. कीवी इम्यूनिटी बढ़ाने, पेट की समस्याओं से कम करने और हार्ट को हेल्दी बनाने में सबसे ज्यादा फायदेमंद मानी जाती है. विटामिन सी और ई होने की वजह से स्किन और बालों के लिए बेनिफिशियल है.

अरुणाचल प्रदेश की खासियत

अरुणाचल प्रदेश एक बेहद खूबसूरत जगह है, जहां आपको बर्फ से ढके पहाड़, घने जगंल और शांत वातावरण देखने को मिल जाएगा. भारत में सबसे पहले इसी जगह पर सूर्योदय होता है, जिसकी वजह से इसे उगते सूरज की भूमि भी कहा जाता है. पूरे साल अरुणाल प्रदेश में टूरिस्ट का आना-जाना लगा रहता है. यहां देखने के लिए कई जगहे हैं, जिसमें शामिल है तवांग मठ, ज़ीरो वैली, सेला पास, नमदाफा नेशनल पार्क और बोमडिला. अरुणाचल प्रदेश आना भी आसान है. आप बस, ट्रेन या फिर फ्लाइट से यहां पहुंच सकते हैं.

Khabar Monkey

khabarmonkey@gmail.com

Leave a Reply