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दिल्ली में डिजिटल लोक अदालत से मिनटों में निपटेगा ट्रैफिक चालान, नहीं लगाने पड़ेंगे कोर्ट के चक्कर

दिल्ली में डिजिटल लोक अदालत से मिनटों में निपटेगा ट्रैफिक चालान, नहीं लगाने पड़ेंगे कोर्ट के चक्कर
दिल्ली में डिजिटल लोक अदालत से मिनटों में निपटेगा ट्रैफिक चालान, नहीं लगाने पड़ेंगे कोर्ट के चक्कर

Delhi Digital Lok AdalatImage Credit source: AI Generated

दिल्ली में ट्रैफिक चालान को लेकर लोगों की सबसे बड़ी परेशानी अब खत्म होने जा रही है. लंबी कतार, बार-बार कोर्ट के चक्कर और तारीख पर तारीख की झंझट से राहत देने के लिए राजधानी में डिजिटल लोक अदालत पोर्टल शुरू कर दिया गया है. अब घर बैठे ही चालान देखना, सुनवाई की तारीख चुनना और मौके पर ही निपटारा करवाना संभव होगा. इतना ही नहीं, भुगतान के साथ ही रियल-टाइम अपडेट भी मोबाइल पर मिल जाएगा.

घर बैठे चालान की पूरी जानकारी

दिल्ली में शुरू किए गए डिजिटल लोक अदालत पोर्टल का उद्देश्य ट्रैफिक चालान से जुड़ी प्रक्रिया को आसान बनाना है. अब लोगों को यह जानने के लिए दफ्तरों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे कि उनका चालान कितना है या किस स्थिति में है. नागरिक पोर्टल पर जाकर अपने वाहन नंबर और ओटीपी के जरिए लॉगिन कर सकेंगे. लॉगिन के बाद वे अपने सभी लंबित चालान देख पाएंगे.

तारीख चुनें, सुनवाई करें, फैसला पाएं

डिजिटल लोक अदालत की सबसे बड़ी खासियत यह है कि अब लोग अपनी सुविधा के अनुसार सुनवाई की तारीख चुन सकेंगे. तय समय पर वर्चुअल तरीके से मामला सुना जाएगा. कोर्ट पहुंचते ही मामले को प्राथमिकता के आधार पर लिया जाएगा और उसी समय निपटारा किया जाएगा. इससे महीनों तक लंबित रहने वाले चालान मामलों को तेजी से खत्म किया जा सकेगा. यह व्यवस्था न्याय प्रक्रिया को सरल और तेज बनाने की दिशा में बड़ा कदम मानी जा रही है.

भुगतान करते ही मिलेगा रियल-टाइम अपडेट

इस नई व्यवस्था में जुर्माना जमा करते ही उसकी पुष्टि तुरंत मिल जाएगी. पहले लोगों को भुगतान के बाद रिकॉर्ड अपडेट होने में समय लगता था, लेकिन अब रियल-टाइम अपडेट सिस्टम लागू किया गया है. भुगतान की पुष्टि का मैसेज भी तुरंत मोबाइल पर भेजा जाएगा. इससे यह सुनिश्चित होगा कि चालान का स्टेटस उसी समय क्लियर दिखे और आगे किसी तरह की दिक्कत न आए.

आम आदमी को क्या मिलेगा फायदा

डिजिटल लोक अदालत पोर्टल का सबसे बड़ा लाभ आम नागरिकों को होगा. कामकाजी लोगों को छुट्टी लेकर कोर्ट जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी. समय, पैसा और ऊर्जा की बचत होगी.

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