
Silver Rate Today: सोने और चांदी की कीमत हर दिन नया रिकॉर्ड बना रही है. दाम में तेजी का आलम यह है कि चांदी का रेट 29 जनवरी (गुरुवार) को छलांग लगाकर पहली बार 4 लाख रुपये के पार पहुंच गई. एमसीएक्स (MCX) पर चांदी 4% से ज्यादा चढ़कर 408100 रुपये प्रति किलो पर पहुंच गई. ट्रेडिंग सेशन के दौरान चांदी ने 408487 रुपये का नया हाई लेवल छुआ. सोने-चांदी में यह तेजी खासतौर पर यूएस और ईरान के बीच बढ़ते तनाव, US फेड की सख्त पॉलिसी और डॉलर इंडेक्स में नरमी से आई है. इन सबके कारण निवेशकों के बीच सुरक्षित निवेश (सेफ-हेवन) की मांग बढ़ गई है.
ग्लोबल अनिश्चितता से कीमत में आ रही तेजी
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की तरफ से ईरान को न्यूक्लियर प्रोग्राम पर बातचीत फिर से शुरू करने की चेतावनी दी गई है. उन्होंने कहा कि यदि ईरान नहीं माना तो अगला अमेरिकी हमला पहले वाले से कहीं ज्यादा गंभीर होगा. मिडिल ईस्ट में अमेरिका की बड़ी मिलिट्री तैनाती की खबरें आईं, जिससे ग्लोबल अनिश्चितता बढ़ी है. ऐसे में निवेशक चांदी और सोने जैसे सेफ एसेट की तरफ भाग रहे हैं.
एक महीने में चांदी 60% से ज्यादा चढ़ी
इंटरनेशनल मार्केट में स्पॉट चांदी 1.1% बढ़कर 117.87 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गई और सेशन के दौरान इसने 119.34 डॉलर का रिकॉर्ड हाई लेवल टच किया. इस साल के शुरुआती एक महीने में चांदी 60% से ज्यादा चढ़ चुकी है. इसका कारण गोल्ड महंगा होने से निवेशक चांदी के ऑप्शन की तरफ मुड़ गए. सप्लाई की कमी और मोमेंटम बायिंग से चांदी में तेजी देखी जा रही है.
भारतीय बाजार में क्या है रेट?
सोने के दाम भी चढ़कर नई ऊंचाई पर पहुंच गए. ग्लोबल स्पॉट गोल्ड इंटरनेशनल मार्केट में 2.7% बढ़कर 5,542.29 प्रति औंस पर ट्रेड कर रहा था, इसने 5,591.61 डॉलर का भी हाई छुआ. भारतीय बाजार की बात करें तो सोना 1.75 लाख रुपये से 1.80 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम के पार पहुंच गया. प्लैटिनम 1% बढ़कर 2,723.40 डॉलर पर, जबकि पैलेडियम 1.6% गिरकर 2,041.20 पर ट्रेड कर रहा है.
यूएस फेड ने ब्याज दर में नहीं किया बदलाव
यूएस फेड की तरफ से ब्याज दर को 3.5-3.75% पर ही बरकरार रखा गया है. चेयर जेरोम पॉवेल ने कहा कि इन्फ्लेशन अभी 2% के टारगेट से ऊपर है. डॉलर में नरमी (ट्रंप की सॉफ्ट डॉलर पॉलिसी की उम्मीद) ने दोनों कीमती धातुओं को सपोर्ट किया है. रुपये में गिरावट और ग्लोबल तेजी से भारतयीय बाजार में भी सोना-चांदी महंगा हो रहा है. निवेश सेफ-हेवन की डिमांड बढ़ने से सोने और चांदी में निवेश कर रहे हैं.
सप्लाई और डिमांड बैलेंस रहने की उम्मीद
जानकारों का कहना है तनाव बढ़ा तो अभी इसमें और उछाल आ सकता है. लेकिन आने वाले समय में सप्लाई और डिमांड बैलेंस रहने की उम्मीद है. पृथ्वी फिनमार्ट के डायरेक्टर मनोज कुमार जैन ने कहा दुनियाभर में जियोपॉलिटिकल टेंशन और ग्लोबल अनिश्चितता के बीच सोने में निवेश को बरकरार रखें. 2026 के दौरान सोने की चमक पूरे साल बरकरार रहेगी. डॉलर इंडेक्स के निचले लेवल पर पहुंचने से भी सोने में तेजी देखी जा रही है.
गोल्ड के इसी साल इंटरनेशनल मार्केट में 6000 डॉलर प्रति औंस के पार पहुंचने की उम्मीद है. भारतीय बाजार में भी रेट दो लाख रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंचने की उम्मीद है. यदि कोई निवेश से चूक गया है तो अभी भी इनवेस्ट करने का मौका है. लेकिन यह निवेश हमेशा एसआईपी (SIP) के रूप में ही करें. आने वाले समय में 5-10 प्रतिशत की गिरावट आने पर लंपसम में निवेश करने का मौका है.






