
शुभमन गिल के टेस्ट करियर में एक और बड़ी उपलब्धि जुड़ गई है। श्रीलंका के खिलाफ कोलंबो के सिंहली स्पोर्ट्स क्लब में खेले जा रहे दूसरे टेस्ट के पहले दिन भारतीय कप्तान ने टेस्ट क्रिकेट में अपने 3000 रन पूरे कर लिए हैं। इस उपलब्धि के साथ गिल भारत के लिए सबसे कम उम्र में यह आंकड़ा छूने वाले चौथे बल्लेबाज बन गए।
गिल ने 26 साल और 349 दिन की उम्र में 3000 टेस्ट रन पूरे किए हैं। उन्होंने इस मामले में पूर्व भारतीय कप्तान कपिल देव को पीछे छोड़ा है। कपिल देव ने 26 साल और 356 दिन की उम्र में 3000 टेस्ट रन पूरे किए थे। गिल ने उनसे सात दिन कम उम्र में यह उपलब्धि हासिल की है।
भारत के लिए सबसे कम उम्र में 3000 टेस्ट रन पूरे करने का रिकॉर्ड महान बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर के नाम है। उन्होंने केवल 23 साल और 228 दिन की उम्र में यह मुकाम हासिल किया था। वीरेंद्र सहवाग ने 26 साल और 157 दिन की उम्र में, जबकि दिलीप वेंगसरकर ने 26 साल और 263 दिन की उम्र में 3000 टेस्ट रन पूरे किए थे।
गौरतलब है कि गिल इस उपलब्धि से पहले गाले में खेले गए पहले टेस्ट में केवल सात रन पीछे रह गए थे। ऐसे में कोलंबो पहुंचते ही उनकी नजर इस आंकड़े को पूरा करने पर थी। दूसरे टेस्ट के पहले दिन उन्होंने ज्यादा जोखिम नहीं लिया और संभलकर बल्लेबाजी की।
गिल ने अपनी पारी की शुरुआत प्रभात जयसूर्या की गेंद पर 13वीं गेंद में एक आकर्षक शॉट के साथ की। इसके बाद केशारा नुवंथा की गेंद पर उनके बल्ले का बाहरी किनारा लेते हुए गेंद सीमा रेखा के पार पहुंची और इसी चौके के साथ उनके 3000 टेस्ट रन पूरे हो गए।
हालांकि, गिल की इस उपलब्धि के बीच भारत की शुरुआत पूरी तरह आसान नहीं रही। श्रीलंकाई गेंदबाजों ने शुरुआती सत्र में दो अहम विकेट हासिल किए। केएल राहुल 18 रन बनाकर लाहिरू कुमारा की गेंद पर विकेट के पीछे कैच दे बैठे। इसके बाद यशस्वी जायसवाल 45 रन के स्कोर पर असिता फर्नांडो की गेंद पर बोल्ड हो गए।
पहले सत्र के 25 ओवर पूरे होने तक भारत ने दो विकेट पर 88 रन बना लिए थे। गिल 11 रन बनाकर नाबाद थे, जबकि देवदत्त पडिक्कल 13 रन बनाकर उनका साथ दे रहे थे।
बता दें कि भारत पहले टेस्ट में श्रीलंका को 165 रन से हराकर दो मैचों की श्रृंखला में 10 से आगे है। दूसरे टेस्ट में गिल की इस उपलब्धि ने भारतीय टीम के लिए मुकाबले की शुरुआत को और खास बना दिया है। अब कप्तान की नजर इस पारी को बड़ी पारी में बदलकर टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाने पर है।