
दिल्ली विश्व पुस्तक मेला-2026 का उद्घाटन.
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने आज कतर के संस्कृति मंत्री अब्दुलरहमान बिन हमद बिन जसीम बिन अल थानी, स्पेन के संस्कृति मंत्री अर्नेस्ट उर्टासुन डोमेनेच और अन्य अतिथियों की मौजूदगी में दिल्ली वर्ल्ड बुक फेयर-2026 का उद्घाटन किया. विश्व का सबसे बड़ा पुस्तक मेला (NDWBF2026) विचारों के संगम के साथ भारत की सशक्त रीडिंग कल्चर का विराट उत्सव है.
पुस्तक मेले की थीम भारतीय सैन्य इतिहास: शौर्य और विवेक @75 व कतर और स्पेन जैसे देशों की सहभागिता इस सांस्कृतिक एवं साहित्यिक आयोजन को अंतरराष्ट्रीय महत्त्व प्रदान करती है. इस मौके पर स्वतंत्रता संग्राम के अनसुने अध्यायों और संबलपुर की धरती पर हुए संघर्ष पर आधारित पुस्तक कुडोपाली की गाथा: 1857 की अनसुनी कहानी के अनुवाद का विमोचन किया गया.
आज क़तर के संस्कृति मंत्री, HE Abdulrahman Bin Hamad Bin Jassim Bin Al Thani, स्पेन के संस्कृति मंत्री, HE Ernest Urtasun Domènech एवं अन्य विशिष्ट अतिथियों की उपस्थिति में नई दिल्ली विश्व पुस्तक मेला 2026 का उद्घाटन करने का सौभाग्य मिला। विश्व का सबसे बड़ा B2C पुस्तक मेला, pic.twitter.com/x5nipM0TvY
— Dharmendra Pradhan (@dpradhanbjp) January 10, 2026
अब यह किताब 13 भाषाओं में उपलब्ध
इसे लेकर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा, यह पुस्तक बंगाली, असमिया, पंजाबी, मराठी, मलयालम, उर्दू सहित 9 भारतीय भाषाओं तथा एक अंतरराष्ट्रीय भाषा (स्पेनिश) में जारी की गई. इससे पूर्व यह कृति हिंदी, अंग्रेजी और ओड़िया में पब्लिश हो चुकी थी. अब यह किताब 13 भाषाओं में उपलब्ध है. यह प्रयास वीर सुरेंद्र साईं और कुडोपाली के शहीदों की स्मृति को सम्मानित करने के साथ भारत की बहुभाषी और वैश्विक संवाद परंपरा को सुदृढ़ करता है.
शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान और क्या बोले?
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा पढ़ने की संस्कृति को जनआंदोलन का स्वरूप देने की दिशा में यह आयोजन महत्त्वपूर्ण कदम है. प्रधानमंत्री की विकसित भारत की परिकल्पना केवल इन्फ्रास्ट्रक्चर या टेक्नोलॉजी तक सीमित नहीं बल्कि एक जागरूक, विचारशील और पढ़नेसोचने वाली पीढ़ी के निर्माण पर आधारित है. पुस्तकों, सभ्यता और संवाद के माध्यम से देश में रीडिंग कल्चर को नई ऊर्जा देने वाले इस भव्य आयोजन के लिए नेशनल बुक ट्रस्ट इंडिया को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं.






