पाकिस्तान का बलूचिस्तान प्रांत रविवार सुबह एक भयानक बम धमाके से हिल गया। प्रांतीय राजधानी क्वेटा में ‘क्वेटा-चमन फाटक’ के पास यह आत्मघाती हमला हुआ। आतंकियों ने ईद की छुट्टियों के लिए अपने घर जा रहे सुरक्षाकर्मियों से भरी एक शटल ट्रेन को निशाना बनाया। इस दर्दनाक आतंकी हमले में कम से कम 24 लोगों की जान चली गई है, जबकि 50 से अधिक लोग गंभीर रूप से घायल हैं। धमाका इतना जोरदार था कि इसकी आवाज दूर-दूर तक सुनाई दी और स्पेशल ट्रेन की तीनों बोगियां पूरी तरह से बर्बाद हो गईं।
ईद पर घर लौट रहे थे जवान
Quetta Train Blast: ईद की खुशियां मातम में बदलीं, Suicide Bomber ने ट्रेन के उड़ाए परखच्चे, 24 जवानों की मौत
मिली जानकारी के मुताबिक, जिस ट्रेन पर हमला हुआ वह क्वेटा कैंटोनमेंट के अंदर बने रेलवे स्टेशन से यात्रियों को लेकर शहर की तरफ आ रही थी। यह स्टेशन एफसी हॉस्पिटल और सीएमए क्वेटा के बीच में है। नवंबर 2024 में क्वेटा के मुख्य रेलवे स्टेशन पर हुए बड़े हमले के बाद, सुरक्षा को देखते हुए पाकिस्तानी सेना और अर्धसैनिक बलों के जवानों को मुख्य स्टेशन के बजाय सीधे सैन्य छावनी के अंदर से ही ट्रेनों में बैठाया जा रहा था।
यह ट्रेन आने वाली बकरीद की छुट्टियों पर अपने घर लौट रहे पाकिस्तानी सैनिकों और उनके परिवारों को ले जा रही थी। शुरुआती जांच से पता चला है कि ट्रेन को एक पैरामिलिट्री कैंप के पास नई बोगियां जोड़ने के लिए रोका गया था, तभी रविवार सुबह करीब 8:00 बजे चमन फाटक के पास यह आत्मघाती धमाका हो गया।
#WATCH | Quetta, Pakistan: An explosion took place at the Quetta railway track, injuring more than 50 people and atleast 24 people died in this accident. The blast derailed a cargo train, and gunfire was heard afterwards: Reuters
इस बड़े हमले के तुरंत बाद बलूचिस्तान के प्रतिबंधित और कुख्यात अलगाववादी संगठन बलूच लिबरेशन आर्मी ने इसकी जिम्मेदारी ले ली है। बीएलए के प्रवक्ता जीयांद बलूच ने मीडिया के लिए जारी एक बयान में कहा, “आज सुबह, बलूच लिबरेशन आर्मी की फिदायीन शाखा ‘मजीद ब्रिगेड’ ने क्वेटा कैंट से सेना के जवानों को ले जा रही एक ट्रेन को एक सोचे-समझे फिदायीन हमले में निशाना बनाया है। बीएलए इस ऑपरेशन की पूरी जिम्मेदारी लेता है।”
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मौत का आंकड़ा बढ़ने की आशंका
धमाके के बाद घटना वाली जगह पर भारी अफरा-तफरी मच गई। खबर मिलते ही पाकिस्तानी सुरक्षा बल और एम्बुलेंस की टीमें मौके पर पहुंचीं। शवों और गंभीर रूप से घायल लोगों को तुरंत क्वेटा के सिविल अस्पताल ले जाया गया। अस्पताल प्रशासन ने इमरजेंसी लागू कर दी है और सभी डॉक्टरों को ड्यूटी पर तैनात रहने के निर्देश दिए हैं। डॉक्टरों के मुताबिक, घायलों की गंभीर स्थिति को देखते हुए मरने वालों की संख्या अभी और बढ़ सकती है।