
जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने सोमवार (16 फरवरी) को जम्मू और कश्मीर के 14 पर्यटन स्थलों को फिर से खोलने का आदेश दिया, जिन्हें पिछले साल अप्रैल में पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद एहतियात के तौर पर अस्थायी रूप से बंद कर दिया गया था.
एलजी कार्यालय ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट शेयर किया है. जिसमें कहा गया है कि यह निर्णय व्यापक सुरक्षा समीक्षा और मौजूदा स्थिति के संबंध में परामर्श के बाद लिया गया. एलजी ने कहा ‘गहन सुरक्षा समीक्षा और चर्चा के बाद, मैंने कश्मीर और जम्मू डिवीजनों में अधिक पर्यटन स्थलों को फिर से खोलने का आदेश दिया है, जिन्हें एहतियात के तौर पर अस्थायी रूप से बंद कर दिया गया था’.
कश्मीर संभाग में 11 पर्यटन स्थल
उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने कहा कि कश्मीर संभाग के 11 पर्यटन स्थलों- कोकरनाग में यूसमर्ग, दूधपथरी, दांडीपुरा पार्क, शोपियां में पीर की गली, दुबजान और पदपावन, श्रीनगर में अस्तनपोरा, ट्यूलिप गार्डन, थजवास ग्लेशियर, गांदेरबल में हंग पार्क और बारामुला में वुलर और वाटलाब को तत्काल फिर से खोला जाएगा.
After a thorough security review and discussion, I’ve ordered reopening of more tourist spots in Kashmir and Jammu Divisions, which were temporarily closed as precautionary measures.
— Office of LG J&K (@OfficeOfLGJandK) February 16, 2026
जम्मू संभाग के 3 पर्यटन स्थल
वहीं जम्मू संभाग के तीन पर्यटन स्थल – रियासी में देवी पिंडी, रामबन में महू मंगत और किश्तवार में मुगल मैदान भी तत्काल प्रभाव से फिर से खोले जाएंगे. उन्होंने कहा कि कश्मीर संभाग में तीन स्थल- गुरेज, अथवाटू और बंगस एवं जम्मू संभाग में एक स्थल रामबन में रामकुंड बर्फ हटने के बाद फिर से खोल दिए जाएंगे.
पर्यटन स्थलों की कुल संख्या बढ़कर 26
इसके साथ ही, अस्थायी रूप से बंद किए जाने के बाद फिर से खोले गए पर्यटन स्थलों की कुल संख्या बढ़कर 26 हो गई है. इससे पहले, पिछले साल 26 सितंबर को उपराज्यपाल ने 12 पर्यटन स्थलों को फिर से खोलने का आदेश दिया था.
पहलगाम हमले के बाद से थे बंद
दरअसल पिछले साल 22 अप्रैल को हुए पहलगाम आतंकी हमले के बाद उपराज्यपाल प्रशासन ने जम्मू कश्मीर में करीब 50 पर्यटन स्थलों को बंद कर दिया था. इस हमले में 26 लोगों की मौत हुई थी, जिनमें से ज्यादातर पर्यटक थे. इस घटना ने पूरे देश को झकझोर कर दिया था.






