
सलमान खान और अबू आजमी
संघ के 100 साल पूरे होने पर होने वाले कार्यक्रम में बॉलीवुड एक्टर सलमान खान के हिस्सा लेने के बाद, उनकी आलोचना बढ़ती जा रही है. सलमान खान की निंदा करने वाले कह रहे हैं कि देश को बांटने वाली संस्था के कार्यक्रम में उन्हें शामिल नहीं होना चाहिए था. वहीं कई लोग आरोप आरोप लगा रहे हैं कि वह आरएसएस और सरकार के आगे झुक गए हैं. कुछ सोशल मीडिया यूजर्स ने तो यह तक लिख दिया है कि ऐसे कार्यक्रम में शामिल होने वाला हमारा हीरो नहीं हो सकता है.
इस विवाद पर समाजवादी पार्टी के नेता अबू आजमी कहा, “मैं समझता हूं कि सलमान खान एक एक्टर हैं और उन्हें देश में इज्जत से रहना है. अगर सत्ता पक्ष के लोग कुछ कहते हैं, तो मुझे नहीं लगता कि सलमान खान में उसे मना करने की हिम्मत है. वह ज़रूर सरकार के दबाव में वहां गए होंगे.” वहीं बीजेपी नेता नितीष राणे ने कहा कि सलमान खान उद्धव ठाकरे से बड़े हिंदू हैं.
#WATCH | Mumbai: Actor Salman Khan participated in the RSS’s two-day lecture series on ‘The 100-Year Journey of the Sangh’.
Samajwadi Party leader Abu Azmi says, “I understand that Salman Khan is an actor and he has to live with respect in the country. If people from the pic.twitter.com/ClPpCfqFFD
— ANI (@ANI) February 11, 2026
आरएसएस कार्यक्रम में शामिल हुए सलमान खान
100 साल पूरे होने पर आरएसएस ने दो दिनों के कार्यक्रम का आयेजन किया था, जिसकी शुरुआत मुंबई में 7 फरवरी को एक बड़े ऑडिटोरियम में हुई थी. संघ ने इस इवेंट को ‘संघ यात्रा: नए क्षितिज’ नाम दिया था. कार्यक्रम के पहले दिन सलमान खान सहित कई मशहूर फिल्मी हस्तियों ने शिरकत की थी.
बॉलीवुड एक्टर्स के शामिल होने पर कांग्रेस ने उठाए सवाल
बॉलीवुड की इस शिरकत पर कांग्रेस ने कड़ी आपत्ति जताई. कांग्रेस की सोशल मीडिया अध्यक्ष सुप्रिया श्रीनेत ने कहा, “मैं आमतौर पर सेलिब्रिटीज़ को निशाना बनाने से परहेज करती हूं क्योंकि वे आसान आलोचना का शिकार हो जाते हैं, और सवाल तो सत्ता से किया जाना चाहिए जिससे कि जवाबदेही सुनिश्चित हो. लेकिन जब यह सेलिब्रिटीज़ RSS जैसी एक ऐसी संस्था की तारीफों के पुल बांधने लगते हैं जो मेरे देश में नफरत फैलाती, लोगों को बांटती है, तो कुछ ज्वलंत मुद्दों पर उनकी चुप्पी पर भी ज़रूर सवाल उठते हैं.”
मैं आमतौर पर सेलिब्रिटीज़ को निशाना बनाने से परहेज़ करती हूँ क्योंकि वे आसान आलोचना का शिकार हो जाते हैं, और सवाल तो सत्ता से किया जाना चाहिए जिससे कि जवाबदेही सुनिश्चित हो
लेकिन जब यह सेलिब्रिटीज़ RSS जैसी एक ऐसी संस्था की तारीफ़ों के पुल बाँधने लगते हैं जो मेरे देश में नफ़रत pic.twitter.com/xmsB2PrJHK
— Supriya Shrinate (@SupriyaShrinate) February 9, 2026
उन्होंने पूछा कि जब लोगों की लिंचिंग सिर्फ़ उनकी शक्ल या उनके खाने की वजह से होती है, तो आप (एक्टर) चुप क्यों रहते हैं?, जब लड़कियों के साथ बलात्कार होता है और अपराधियों को सत्ता का संरक्षण मिलता है, तो आप एक भी शब्द क्यों नहीं बोलते?, जब सर्वोच्च पदों पर बैठे लोग हिंसा और नफ़रत को बढ़ावा देते हैं, तो आप चुप क्यों रहते हैं?






