
सासाराम। बिहार के रोहतास जिले में एक शख्स की बेरहमी से हत्या किए जाने के मामले में उसकी प्रेमिका, उसके पति, भाई एवं पिता को उम्रकैद की सजा हुई है। अगरेर थाना क्षेत्र के भगवानपुर गांव के चर्चित मन्नु कुमार की करीब पौने सात साल पहले हुई हत्या के मामले में जिला जज चार अनिल कुमार की अदालत ने बुधवार को सजा पर फैसला सुनाया। सभी चार दोषियों को उम्रकैद की सजा मिली और उन पर 5-5 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया। दोषियों ने युवक का चाकू से पेट फाड़कर उसका गुप्तांग काट दिया था और उसे पौधे पर लटका दिया था।
सजा पाने वालों में मृतक की प्रेमिका सुमन देवी उर्फ चुमन देवी, उसका पति प्रभाकर सिंह उर्फ प्रकाश चौधरी, प्रेमिका के पिता रोहतास जिला के भगवानपुर निवासी दुधेश्वर चौधरी एवं उसका भाई फूलचंद शामिल है। वारदात 4 मार्च 2019 को हुई थी। मामले की प्राथमिकी मृतक के पिता अशोक चौधरी ने दर्ज कराई थी। अपर लोक अभियोजक अनिल कुमार सिंह ने बताया कि ट्रायल के दौरान अभियोजन पक्ष की तरफ से 9 गवाहों की गवाही कराई गई। अदालत ने अभियोजन एवं बचाव पक्ष की दलीलों को सुनने के बाद सभी आरोपियों को हत्या का दोषी पाया और सजा सुनाई।
चाकू से पेट फाड़ा, गुप्तांग काटा बताया जाता है कि वारदात के दिन शाम के समय मन्नु को उसकी प्रेमिका सुमन देवी ने कॉल कर बुलाया था। मन्नु किसी को बिना बताए घर से निक गया था। अगले दिन यानी 5 मार्च 2019 को उसकी लाश सरसों के खेत में मिली थी। आरोपियों ने उसकी चाकू से पेट फाड़कर हत्या की। साथ ही, उसके गु्प्तांग को काटकर सरसों के पौधे में टांग दिया था।
बताया गया कि हत्या के कुछ दिन पहले मन्नु को बंधक भी बनाया गया था। मामले में पंचायती भी हुई थी। कहा गया कि पंचायती के बाद भी सुमन अपने प्रेमी मन्नु से मिलती रहती थी। वारदात के दो दिन पहले ही प्रेमिका सुमन अपने पति अभियुक्त प्रभाकर के साथ ससुराल यूपी के प्रयागराज जिले की खीरी थाना क्षेत्र के मझिगांव से नैहर अगरेर थाना क्षेत्र के भगवानपुर गांव आई थी। फिर अपने पति और मायके वालों के साथ मिलकर मन्नू को बेरहमी से मौत के घाट उतार दिया था।






