Saturday, April 11, 2026
Health

गर्मी में जूते-चप्पल से जुड़ी ये गलतियां पड़ेंगी भारी, पसीने और इंफेक्शन का बनती हैं कारण

गर्मी का मौसम आते ही कपड़ों के साथ ही फुटवियर में भी बदलाव होने लगता है. इस उमस भरे मौसम में आरामदायक फुटवियर हमारी पहली पसंद बन जाते हैं. लेकिन अक्सर लोग स्टाइल और सुविधा के चक्कर में ऐसी छोटी-छोटी गलतियां कर बैठते हैं, जो पैरों की सेहत पर भारी पड़ सकती हैं. तेज धूप, उमस और पसीना पहले ही त्वचा को संवेदनशील बना देते हैं, ऐसे में गलत फुटवियर का चुनाव संक्रमण, फंगल इंफेक्शन, बदबू और एलर्जी जैसी समस्याओं को जन्म दे सकता है.

गर्मी में जूते-चप्पल से जुड़ी ये गलतियां पड़ेंगी भारी, पसीने और इंफेक्शन का बनती हैं कारण
गर्मी में जूते-चप्पल से जुड़ी ये गलतियां पड़ेंगी भारी, पसीने और इंफेक्शन का बनती हैं कारण

कई लोग पूरे दिन बंद जूते पहनते हैं, तो कुछ बिना सोचे-समझे सिंथेटिक या सस्ते मटेरियल के चप्पल-जूते चुन लेते हैं. जो पैरों को सांस लेने का मौका नहीं देते. इसके अलावा गीले या पसीने से भरे फुटवियर को बार-बार पहनना, सफाई का ध्यान न रखना और सही फिटिंग को नजरअंदाज करना भी समस्याओं को बढ़ा देता है. ऐसे में चलिए इस आर्टिकल में जानते हैं कि गर्मियों में फूटवियर से जुड़ी आम गलतियों के बारे में.

पूरे दिन बंद जूते पहनना

गर्मियों में पूरा दिन जूते पहनना एक बड़ी और आम गलती है. बंद जूते पहनने से पैरों में हवा नहीं पहुंच पाती, जिससे पसीना जमा होने लगता है. यह नमी बैक्टीरिया और फंगस के पनपने के लिए परफेक्ट वातावरण बनाती है, जिससे खुजली, जलन और इंफेक्शन की समस्या हो सकती है. ऐसे में पूरा दिन जूते पहनने से बचें.

सिंथेटिक मटेरियल वाले फुटवियर का इस्तेमाल

प्लास्टिक या सिंथेटिक मटेरियल से बने जूते-चप्पल पैरों को सांस लेने नहीं देते. ऐसे फुटवियर पसीना सोखने के बजाय उसे रोक लेते हैं, जिससे बदबू और फंगल इंफेक्शन का खतरा बढ़ जाता है. गर्मी में सिंथेटिक मटेरियल वाले फुटवियर पहनने से बचना चाहिए.

गीले या पसीने वाले जूते दोबारा पहनना

अक्सर लोग बिना सुखाए ही जूते-चप्पल फिर से पहन लेते हैं, जो एक बड़ी गलती है. नमी भरे फुटवियर में बैक्टीरिया तेजी से बढ़ते हैं और इससे त्वचा संक्रमण होने की संभावना काफी बढ़ जाती है.

गलत फिटिंग वाले फुटवियर पहनना

बहुत टाइट या बहुत ढीले जूते पहनने से पैरों में घर्षण बढ़ता है, जिससे छाले, कट या रैशेज हो सकते हैं. ये छोटी चोटें बाद में इंफेक्शन का कारण बन सकती हैं, खासकर जब पसीना ज्यादा आता हो.

फुटवियर और पैरों की सफाई को नजरअंदाज करना

गर्मी में पैरों की रेगुलर सफाई न करना और गंदे जूते-चप्पल पहनना इंफेक्शन को न्योता देता है. रोजाना पैरों को धोकर सुखाना और फुटवियर को साफ रखना बेहद जरूरी है, ताकि बैक्टीरिया और फंगस से बचा जा सके.

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