
MP Weather Update Today: मध्य प्रदेश इस समय दोहरी मौसम की मार झेल रहा है. जहां एक ओर खजुराहो 40.4 डिग्री सेल्सियस तापमान के साथ सबसे गर्म स्थान रहा, वहीं राज्य के 86 स्थानों पर बारिश दर्ज की गई और 7 जिलों में ओलावृष्टि की खबरें मिलीं. मौसम विभाग ने अगले तीन दिनों के लिए बड़ा अलर्ट जारी किया है. 36 से अधिक जिलों में बारिश के साथ-साथ 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है. मौसम विभाग ने लोगों को घर के अंदर रहने और सावधानी बरतने की सलाह दी है.
बारिश-ओलावृष्टि का अलर्ट
मध्य प्रदेश में मौसम ने अचानक करवट बदल ली है. राज्य में बारिश, ओलावृष्टि और तेज हवाओं का असर देखने को मिल रहा है. मौसम विभाग ने अगले तीन दिनों तक 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली तेज हवाओं और तूफान के संबंध में चेतावनी जारी की है. इसके अलावा कई स्थानों के लिए ओलावृष्टि का अलर्ट भी जारी किया गया है.
लोगों को सतर्क रहने की सलाह
एक ओर जहां तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच रहा है, वहीं दूसरी ओर भीषण तूफान, बारिश और ओलावृष्टि ने जनजीवन को अस्त-व्यस्त कर दिया है. मौसम विभाग ने राज्य के 36 जिलों के लिए मौसम का अलर्ट जारी किया है, और निवासियों को अगले तीन दिनों तक सतर्क रहने की सलाह दी है.
फसलों को नुकसान
पिछले 24 घंटों में प्रदेश के 86 स्थानों पर बारिश दर्ज की गई है. वहीं धार, राजगढ़, बैतूल, देवास, उज्जैन, अलीराजपुर और भिंड में जबरदस्त ओलावृष्टि हुई है, जिससे खेतों में खड़ी और कटी हुई, दोनों तरह की फसलें पूरी तरह बर्बाद हो गई हैं. कई जगहों पर 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चली तेज हवाओं ने मिट्टी के घरों और टीन के शेड की छतें उड़ा दीं.
इंदौर-उज्जैन में आंधी
इसके अलावा राज्य भर में तेज तूफान आए जिससे इंदौर, उज्जैन, भोपाल, नर्मदापुरम, सागर और ग्वालियर संभागों के जिलों के साथ-साथ छिंदवाड़ा और भिंड भी प्रभावित हुए. कई जगहों पर खेतों में रखी फसलें उड़ गईं और बिखर गईं.
इन जिलों में बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग (IMD) ने आज शनिवार के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है. खंडवा, खरगोन, धार, देवास, मुरैना, श्योपुर कलां, शाजापुर, रीवा, सतना, छिंदवाड़ा, सिवनी, पन्ना, दमोह और पांढुर्ना जिलों में भारी बारिश और तूफान की आशंका है. इसके अलावा, 37 अन्य स्थानों के लिए ‘येलो अलर्ट’ जारी किया गया है.
अगले तीन दिन राज्य के निवासियों के लिए खतरनाक साबित हो सकते हैं. विशेष रूप से किसानों और खुले में रहने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने के निर्देश दिए गए हैं. मौसम के मिजाज में यह बदलाव अरब सागर और बंगाल की खाड़ी से आने वाली नमी के कारण हो रहा है.





