
मोतिहारी: 22 साल की उम्र और BA फाइनल ईयर की स्टूडेंट। 2 मर्डर समेत 18 वारदातों की अंजाम देने वाली शिल्पी का ये मामूली परिचय है। इश्क में नाकामी ने उसे ‘लेडी किलर’ बना डाला। सबसे पहले उसने अपने प्रेमी के दादा को रात में सोते वक्त पेट्रोल डालकर जिंदा जला डाला। इसके बाद तो वो इंतकाम पर इंतकाम लेती चली गई। बिहार के पूर्वी चंपारण (मोतिहारी) जिले की चिरैया थाना क्षेत्र की घटना है। यहां से ऐसी आपराधिक दास्तां सामने आई है, जिसने पुलिस प्रशासन के भी होश उड़ा दिए।
प्यार में मिली नाकामी और अपनों से मिले तिरस्कार का बदला लेने के लिए शिल्पी कुमारी ने अपराध की ऐसी खौफनाक दुनिया रची, जिसे वो ‘हादसा’ बताकर अब तक बचती रही। मासूम अंशिका की निर्मम हत्या के आरोप में पकड़ी गई शिल्पी ने पुलिस पूछताछ में खुलासा किया कि वो केवल एक कातिल नहीं, बल्कि एक शातिर अपराधी भी है। जिसने आगजनी और हत्या जैसी 18 घटनाओं को अंजाम दिया। सिकरहना डीएसपी उदय शंकर के अनुसार, शिल्पी का प्रतिशोध इतना गहरा था कि उसने अपने प्रेमी के दादा तक को जिंदा जला डाला।
इश्क के रास्ते में रोड़ा बनने वालों का खूनी अंत
डीएसपी उदय शंकर ने बताया, ‘शिल्पी का अपने ही गांव के नीतीश कुमार से प्रेम प्रसंग था। परिजनों के विरोध के कारण ये रिश्ता टूट गया, जिसका जिम्मेदार शिल्पी ने समाज और परिवार को माना। इसके बाद उसने चुन-चुनकर बदला लेने की साजिश रची। उसने स्वीकार किया कि जुलाई 2025 में उसने नीतीश के दादा पर सोते समय पेट्रोल छिड़क कर आग लगा दी थी, जिसे उस वक्त महज एक दुर्घटना मान लिया गया था।’
पांच साल की अंशिका की हत्या के पीछे शिल्पी का दोहरा मकसद था। वो अंशिका की मां से बदला लेना चाहती थी क्योंकि उसे शक था कि उन्होंने ही उसके प्रेमी नीतीश को भड़काया है। वहीं, अंशिका की बड़ी मां को फंसाने के लिए उसने एक चोरी किए हुए मोबाइल से फर्जी ऑडियो वायरल किए। उसने मासूम को अगवा किया और फिर उसकी हत्या कर शव को खेत में फेंक दिया ताकि उसकी बड़ी मां पर ही शक जाए।
18 कांडों का सनसनीखेज कबूलनामा
शिल्पी कुमारी ने इस हत्याकांड को अंजाम देने के लिए बाकायदा ऑनलाइन साइट से चाकू ऑर्डर किया। जांच को भटकाने के लिए उसने शव के पास एक बिना खून वाला चाकू रख दिया, जबकि असली हथियार अपने घर में छिपा दिया। हालांकि, एसपी स्वर्ण प्रभात के निर्देश पर हुई एफएसएल और डॉग स्क्वॉड की जांच ने शिल्पी की चालाकी पकड़ ली और उसके घर से असली हथियार बरामद कर लिया।
पुलिस की सख्ती के आगे शिल्पी टूटती चली गई। बीए की इस छात्रा ने बताया, ‘वो अब तक छोटी-बड़ी 18 वारदातों को अंजाम दे चुकी है, जिसमें दो-दो मर्डर के साथ चोरी और आगजनी शामिल हैं। वो हर घटना के बाद सबूत मिटाने में इतनी माहिर थी कि पुलिस को कभी भनक तक नहीं लगी। पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल चाकू, मोबाइल और सिम कार्ड को बरामद किया।





