वाराणसी स्नातक MLC चुनाव में करीब 50 घंटे से वोटों की गिनती जारी है. इस बीच समाजवादी पार्टी और बीजेपी के कार्यकर्ताओं ने एक दूसरे पर आरोपप्रत्यारोप भी लगाए. वहीं, काउंटिंग खत्म होने से पहले बीजेपी प्रत्याशी केदारनाथ सिंह ने अपनी हार स्वीकार कर ली है. सपा के उम्मीदवार आशुतोष सिन्हा, बीजेपी प्रत्याशी पर 16990 से ज्यादा वोटों की बढ़त बनाए हुए हैं और उनकी जीत तय मानी जा रही है.

केदारनाथ सिंह ने सोशल मीडिया पर जनादेश को स्वीकार करते हुए मतदाताओं और पार्टी कार्यकर्ताओं का आभार जताया है. हालांकि, सीट का आधिकारिक परिणाम अभी दूसरी वरीयता के मतों की गिनती के बाद ही घोषित होगा. वहीं, समाजवादी पार्टी का कहना है कि अयोध्या और मथुरा के बाद अब काशी भी फतह कर लिया है, प्रभु का आशीर्वाद समाजवादीयों के साथ हैं.
बीजेपी प्रत्याशी केदारनाथ सिंह ने क्या कहा?
बीजेपी के उम्मीदवार केदारनाथ सिंह ने हार स्वीकार करते हुए फेसबुक पर लिखा, ‘वाराणसी खंड के समस्त सम्मानित स्नातक मतदाताओं के प्रति हृदय की गहराइयों से आभार, जिन्होंने इस चुनाव में अपना अमूल्य मत देकर मुझ पर विश्वास व्यक्त किया और अपना स्नेह एवं आशीर्वाद प्रदान किया. जनादेश को मैं पूर्ण विनम्रता एवं लोकतांत्रिक मर्यादा के साथ स्वीकार करता हूं.’
उन्होंने आगे कहा कि हालांकि, चुनाव में जीत नहीं मिली, लेकिन सभी का स्नेह, सहयोग और विश्वास मेरे लिए सदैव अमूल्य रहेगा. मेरे लिए राजनीति सत्ता और पद प्राप्त करने का माध्यम मात्र नहीं, बल्कि समाज के प्रति उत्तरदायित्व निभाने और जनसेवा के संकल्प को साकार करने का एक सतत प्रयास है. मैं पहले जैसा ही आप सभी के बीच रहूंगा और स्नातक समाज के हितों के लिए आवाज उठाता रहूंगा.
अयोध्या और मथुरा के बाद अब काशी भी फतह
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता डॉ. अनुराग भदौरिया ने एक्स पर लिखा कि प्रभु का आशीर्वाद समाजवादीयों के साथ हैं. पहले अयोध्या जीते अब काशी, मथुरा और प्रयागराज भी जीते. हम लोगों के लिए प्रभु आस्था का विषय है. हम लोग प्रभु के आदर्श और आचरण को अपनाते हैं . जो लोग प्रभु के नाम पर राजनीति करते हैं वो लगातार हार रहे हैं. यह जीत सपा के लिए एक और बड़ी उपलब्धि है.
बनारस स्नातक सीट पर 1,18,000 वोट पड़े थे
बनारस स्नातक MLC सीट पर करीब 50 घंटे से वोटों की गिनती जारी है. सपा के आशुतोष सिन्हा बीजेपी प्रत्याशी से 16990 वोटों से आगे चल रहे हैं. हालांकि प्रथम वरीयता में जीत न होने से फैसला दूसरी वरीयता के मतों से होगा. आशुतोष सिन्हा प्रथम वरीयता में 59,001 मतों का आंकड़ा हासिल नहीं कर सके थे. अब तक 9वें चक्र की मतगणना पूरी हो चुकी है.
गुरुवार को जारी आंकड़ों के मुताबिक, सपा के आशुतोष सिन्हा 50462 वोट पाकर बीजेपी के केदार सिंह से 16990 वोटों से आगे हैं. अब दूसरी वरीयता के मतों की गिनती की जा रही है. इसके बाद ही चुनाव का अंतिम परिणाम सामने आएगा. इस सीट पर 23 सितंबर को हुए मतदान में कुल 1,18,000 वोट पड़े थे.
सपाBJP ने एकदूसरे पर लगाए आरोपप्रत्यारोप
दो दिनों से जारी मतगणना के बीच समाजवादी पार्टी और बीजेपी के कार्यकर्ताओं ने एक दूसरे पर आरोपप्रत्यारोप भी लगाए. बीजेपी कार्यकर्ताओं ने चुनाव आयोग के ऑब्जर्वर प्रांजल यादव पर पक्षपात करने और वोटों की गिनती में गड़बड़ी कराने का आरोप लगाया. साथ ही मतगणना केंद्र के बाहर धरना और विरोध प्रदर्शन भी किया. जिसके बाद 5वें राउंड की दोबारा गिनती हुई.
वहीं, सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने काउंटिंग रोकने और धीमा करने का आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि इसके पीछे का षड्यंत्र सब समझ रहे हैं, लेकिन भाजपाई इसमें कामयाब नहीं होंगे. उन्होंने कार्यकर्ताओं को रातभर मतगणना केंद्र पर रुकने और सतर्क रहने के निर्देश दिए थे. वही, अब बीजेपी के हार मानने के बाद, सपा कार्यकर्ता बारिश के बावजूद ढोल की थाप पर नाचते हुए जश्न मना रहे हैं.