
मुजफ्फरनगर। मुजफ्फरनगर में होली पर्व को देखते हुए खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग द्वारा जनपद में विशेष अभियान चलाया गया। आयुक्त, खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन, उत्तर प्रदेश के निर्देश पर सहायक आयुक्त खाद्य-II अर्चना धीरान के नेतृत्व में टीम ने चरथावल क्षेत्र सहित विभिन्न स्थानों पर ताबड़तोड़ छापेमारी की। कार्रवाई की सूचना मिलते ही बाजार कलां (चरथावल) सहित कई स्थानों पर मिठाई विक्रेताओं में अफरा-तफरी मच गई। कई दुकानदारों ने अपने प्रतिष्ठान बंद कर दिए, जबकि कुछ मौके से नदारद हो गए।
अभियान के दौरान चरथावल कस्बे में राहत दवाखाना एंड ड्राई फ्रूट्स से खजूर का नमूना लिया गया। इसी तरह, क्लासिक स्वीट्स एंड फास्ट फूड से मावा और बूंदी के लड्डू के नमूने संग्रहित किए गए। विभागीय अधिकारियों के अनुसार, सभी नमूने नियमानुसार सील कर परीक्षण के लिए प्रयोगशाला भेजे गए हैं।
चरथावल क्षेत्र के कुल्हेड़ी गांव में भी खाद्य सुरक्षा विभाग ने बड़ी कार्रवाई की। यहां मिलावटी मिठाइयों के खिलाफ अभियान चलाते हुए भारी मात्रा में संदिग्ध रसगुल्ले जब्त किए गए। जांच में मिलावट की पुष्टि होने पर टीम ने मौके पर ही इन रसगुल्लों को मिट्टी में दबाकर नष्ट कर दिया। कुल्हेड़ी गांव को मिलावटी सफेद रसगुल्ले बनाने का एक बड़ा केंद्र माना जाता है, जहां से पूरे जनपद और आसपास के जिलों में इनकी आपूर्ति होती है।
अभियान के दौरान कुल 545 किलोग्राम खाद्य सामग्री को अस्वच्छ परिस्थितियों में भंडारित पाया गया, जिसे जनहित में नष्ट कराया गया। नष्ट की गई सामग्री में 250 किलो सफेद रसगुल्ला, 5 किलो मावा, 15 किलो बूंदी लड्डू और 280 किलो मावा शामिल है। इस नष्ट की गई सामग्री की अनुमानित कीमत लगभग डेढ़ लाख रुपये आंकी गई है। इस कार्रवाई के दौरान खाद्य सुरक्षा अधिकारी सुनील कुमार, वैभव शर्मा, श्रीमती पूनम कुमारी और डॉ. विशाल चौधरी सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।





