
मुजफ्फरनगर। उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जनपद में मंगलवार की रात अपराधियों के लिए भारी रही। पुलिस की विभिन्न टीमों ने जिले के तीन अलग-अलग थाना क्षेत्रों में हुई मुठभेड़ों के दौरान दो पच्चीस-पच्चीस हजार के इनामी बदमाशों और एक शातिर हिस्ट्रीशीटर को गोली लगने के बाद गिरफ्तार कर लिया। पकड़े गए अपराधियों के पास से भारी मात्रा में अवैध असलहा और वाहन बरामद किए गए हैं।
पुलिस की पहली कार्रवाई रतनपुरी क्षेत्र में शुरू हुई जिसके बाद तितावी और अंत में शाहपुर थाना क्षेत्र में बदमाशों के साथ सीधी मुठभेड़ हुई। इन मुठभेड़ों में शाहपुर पुलिस ने पच्चीस हजार के इनामी लुटेरे संजीत को घायल किया जबकि तितावी पुलिस ने शातिर हिस्ट्रीशीटर गुफरान को दबोचा। वहीं शाहपुर थाना क्षेत्र में ही एक अन्य कार्रवाई के दौरान पच्चीस हजार का इनामी गौकश रहीस भी पुलिस की गोली का शिकार होकर अस्पताल पहुंच गया। पुलिस की इस सख्त कार्रवाई के बाद घायल अपराधी अस्पताल में पुलिस के खौफ से अपराध से तौबा करते नजर आए।
एसपी ग्रामीण आदित्य बंसल ने इस सफलता की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि एसएसपी के निर्देशन में जनपद में वांछित और सक्रिय अपराधियों के विरुद्ध एक विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत गठित टीमों ने मंगलवार रात अपराधियों की घेराबंदी की थी। पकड़े गए बदमाशों में शामिल संजीत मूल रूप से बिजनौर का निवासी है और शाहपुर में लूट की वारदात के बाद से फरार चल रहा था। उस पर लूट और पुलिस मुठभेड़ जैसे कई संगीन मामले दर्ज हैं।
वहीं गिरफ्तार किया गया दूसरा अपराधी रईस बागपत का रहने वाला है जो रतनपुरी थाने से गौकशी के मामले में वांछित था। तीसरा अपराधी गुफरान तितावी थाने का हिस्ट्रीशीटर है जो बघरा का रहने वाला है। गुफरान पहले भी गौकशी के मामले में सजा काट चुका है और वर्तमान में उत्तराखंड पुलिस के लिए भी वांछित चल रहा था। पुलिस ने इनके कब्जे से तीन तमंचे, बड़ी संख्या में कारतूस, एक मोटरसाइकिल और एक स्कूटी बरामद की है। पुलिस अब इन तीनों अपराधियों के लंबे-चौड़े आपराधिक इतिहास की गहराई से पड़ताल कर रही है।




