सोमवार, 24 अगस्त 2026 ब्रेकिंग
दलीप ट्रॉफी 2026 के पहले ही मैच में फ्लॉप रहे वैभव सूर्यवंशी, एक बार फिर फ्लॉप हुए उपकप्तान​ | अडानी को GMR की बड़ी चुनौती! कंपनी ने बना डाला 19,000 करोड़ का मेगा प्लान​ | Love Horoscope For 24 August 2026 | आज का प्रेम राशिफल 24 अगस्त 2026 | प्रेमियों के लिए कैसा रहेगा आज का दिन​
दिल्ली 32°C ☀️ |
728 x 90 Advertisement
विज्ञापन
728 x 90 Advertisement
Viral

थप्पड़ कांड, मारपीट और विवादों की हैट्रिक… जानें क्यों गंवानी पड़ी अविनाश पांडेय को मेरठ SSP की कुर्सी?​

Meerut News: उत्तर प्रदेश शासन ने एक बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए मेरठ के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अविनाश पांडेय को पद से हटा दिया है. 2015 बैच के IPS अधिकारी अविनाश पांडेय को अब पुलिस महानिदेशक मुख्यालय, लखनऊ से संबद्ध किया गया है. शासन ने झांसी के SSP रहे IPS अधिकारी बीबीजीटीएस मूर्ति को मेरठ […]

Meerut News: उत्तर प्रदेश शासन ने एक बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए मेरठ के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अविनाश पांडेय को पद से हटा दिया है. 2015 बैच के IPS अधिकारी अविनाश पांडेय को अब पुलिस महानिदेशक मुख्यालय, लखनऊ से संबद्ध किया गया है. शासन ने झांसी के SSP रहे IPS अधिकारी बीबीजीटीएस मूर्ति को मेरठ का नया SSP नियुक्त किया है.

अविनाश पांडेय का तबादला ऐसे समय में हुआ है, जब पिछले डेढ़ महीने के भीतर मेरठ में पुलिस की कार्रवाई और उनके व्यक्तिगत व्यवहार को लेकर लगातार गंभीर विवाद सामने आ रहे थे. विवादों की शुरुआत जुलाई में ललिता गौतम हत्याकांड के दौरान हुई. कलेक्ट्रेट पर उग्र प्रदर्शन के दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों में टकराव हुआ, जहां पुलिस ने लाठीचार्ज किया. इसी दौरान SSP अविनाश पांडेय का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ, जिसमें वह एक प्रदर्शनकारी/अधिवक्ता को थप्पड़ मारते दिखे.

सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव और आजाद समाज पार्टी के प्रमुख चंद्रशेखर आजाद समेत विपक्षी नेताओं ने पुलिसिया कार्रवाई को लेकर सरकार और एसएसपी को आड़े हाथों लिया. इस मामले में एसएसपी और करीब 50 पुलिसकर्मियों के खिलाफ SCST कोर्ट में याचिका दाखिल कर कार्रवाई की मांग की गई थी. हालांकि, अविनाश पांडेय ने कानूनव्यवस्था बनाए रखने के लिए कार्रवाई को साक्ष्यों पर आधारित और सही ठहराया था.

किसान नेता से मारपीट और थर्ड डिग्री का आरोप

थप्पड़ कांड का विवाद शांत भी नहीं हुआ था कि अगस्त में भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. दिग्विजय भाटी ने एसएसपी पर गंभीर आरोप लगाए. भाटी का आरोप था कि वे अपने साथी के साथ एक गैंगस्टर मामले में निष्पक्ष जांच की मांग लेकर SSP कार्यालय गए थे. वहां SSP ने नाराज होकर उनके साथ मारपीट की और बाद में एसओजी दफ्तर ले जाकर भी पिटाई की. इस घटना के बाद सपा विधायक अतुल प्रधान भी थाने पहुंचे थे और हंगामा बढ़ा था.

अविनाश पांडेय ने इन आरोपों को पूरी तरह खारिज करते हुए कहा था कि दिग्विजय भाटी एक हिस्ट्रीशीटर के साथ दफ्तर आए थे और विवाद कर रहे थे, जिसके कारण उन्हें हिरासत में लिया गया था. उन्होंने किसी भी तरह की पिटाई या थर्ड डिग्री से इनकार किया था.

शासन का सख्त फैसला

लगातार दो बड़े विवादों, पुलिसिया व्यवहार पर उठते सवालों और विपक्षी दलों के दबाव के बीच आखिरकार शासन ने अविनाश पांडेय को फील्ड पोस्टिंग से हटा दिया. हालांकि आधिकारिक तौर पर इसे रुटीन प्रशासनिक फेरबदल बताया जा रहा है, लेकिन गलियारों में इसे विवादों से जोड़कर ही देखा जा रहा है. अब मेरठ की कमान IPS बीबीजीटीएस मूर्ति के हाथों में होगी.

विज्ञापन
728 x 90 Advertisement
शेयर करें:
Author Bio Pic

संपादकीय टीम

खबर मंकी की अनुभवी एडिटोरियल डेस्क। हमारे लेखक और संपादक दिन-रात निष्पक्ष, सटीक और तीव्र समाचार आप तक पहुँचाने के लिए काम करते हैं।

🐒 KHABAR MONKEY